जम्मू। पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई बर्फबारी में भी घुसपैठ कराने के लिए आतंकियों को प्रशिक्षित कर रही है। बर्फीले जंगल क्षेत्र में रहने समेत अन्य परिस्थितियों के लिए आतंकियों को तैयार किया जा रहा है। आतंकियों को जीपीएस युक्त नेविगेशनल प्रणाली से भी प्रशिक्षित किया गया है। कश्मीर में एलओसी की तीन जगहों पर ऐसे 70 आतंकी तैयार किए गए हैं। इनको पीओके में टंगधार, माछिल और केरन सेक्टर के नजदीक लांच पैड पर प्रशिक्षित किया जा रहा है। आतंकियों को बर्फ में रहकर जिंदा रहने में मदद करने वाले विशेष कपड़े और अन्य तकनीक भी दी जा रही है।
खुफिया एजेंसियों से मिली जानकारी के अनुसार आतंकियों को एक ऐसे मोबाइल एप की जानकारी दी जा रही है, जिसकी मदद से वह घुसपैठ के नए रास्ते बनाकर इस पार आ सकते हैं। आमतौर पर कश्मीर में बर्फबारी के दौरान आतंकियों की घुसपैठ एक तरह से बंद हो जाती है, लेकिन कश्मीर में स्थानीय और पाकिस्तानी आतंकियों की कमी के चलते आईएसआई पीओके में बैठे आतंकियों को भेजने का दबाव बना रही है। सूत्रों का यह भी कहना है कि आईएसआई ने आतंकियों को 5 नए रूट बताए हैं। इन रूट से घुसपैठ के लिए नेविगेशनल एप का इस्तेमाल सिखाया गया है।
सुरक्षा एजेंसी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि आमतौर पर आतंकी बर्फबारी के सीजन में घुसपैठ की कोशिश नहीं करते, लेकिन इस बार बर्फबारी के बीच भी घुसपैठ के प्रयास हो रहे हैं, जिसके लिए सुरक्षा बलों को अलर्ट किया गया है।