प्राचीन गुफा की पूजा करते पुजारी
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श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड की ओर से माता वैष्णो देवी के दरबार में पहले नवरात्र पर शत चंडी महा यज्ञ का आयोजन किया गया। रामनवमी पर पूर्णाहुति के साथ यज्ञ संपन्न होगा। सीईओ अजीत कुमार साहू ने बताया कि भवन, अटका और आसपास के क्षेत्र में फूलों से विशेष सजावट की गई है। नवरात्र के दौरान लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है।
वहीं धर्मनगरी के मुख्य बस स्टैंड पर धूमधाम से चैत्र नवरात्र पर विशेष पूजा कार्यक्रम शुरू हो गया। हर साल की तरह माता वैष्णो, माता कालका, माता सरस्वती और गणेश की मूर्तियां बना कर यहां पूजा-अर्चना की गई। यह आयोजन कसबे की मां दुर्गा समिति की तरफ से किया जाता है।
सर्व प्रथम माता वैष्णो देवी के मुख्य पुजारी अमीर चंद ने यहां के भूमिका मंदिर से ज्योति जलाकर रघुनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की। उसके बाद मुख्य बाजार के रास्ते से माता के जयकारे लगाते हुए बस स्टैंड पर बने पंडाल में पहुंचे।
यहां ज्योति प्रज्ज्वलित की। उनके साथ दुर्गा समिति के सदस्य दीपू परोच, शाम पादा, विनय हीरा, शंकर डोगरा, राजेंद्र हीरा, शाम बडू, विजय आदि लोग मौजूद थे। इस दुर्गा पूजा में हर रोज सुबह 8:30 बजे और रात 8:00 बजे भव्य आरती का आयोजन किया जाएगा। इसमें हजारों श्रद्धालु आपनी हाजिरी लगा सकेंगे। वहीं मां के दर्शनों के लिए पहुंचने वाले भक्तों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है।