कश्मीर घाटी में इस महीने हुई टारगेट किलिंग के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। इस बीच हमले में शामिल आतंकियों की धरपकड़ के लिए पूरे कश्मीर में कई जगहों पर छापे मारकर 500 से अधिक युवाओं को हिरासत में लिया गया है। इनसे पूछताछ की जा रही है। पकड़े गए युवाओं में पत्थरबाज, ओजीडब्ल्यू की संदिग्ध सूची में शामिल युवा और जमात-ए-इस्लामी व तहरीक-ए-हुर्रियत से जुड़े कैडर भी हैं। केंद्र से भेजे गए आईबी के वरिष्ठ अधिकारी पूरी स्थिति पर पैनी नजर बनाए हुए हैं।
घाटी के सभी जिलों में संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा बढ़ाने के साथ ही अल्पसंख्यकों की कालोनियों में भी सुरक्षा बढ़ाई गई है। कुछ नाके बढ़ाए गए हैं, जहां से आने जाने वाले प्रत्येक की तलाशी ली जा रही है। सूत्रों ने बताया कि टारगेट किलिंग की घटनाओं के बाद पूरी घाटी में छापे मारकर संदिग्धों को पुलिस ने उठाया है। बताते हैं कि श्रीनगर से 70 युवाओं को उठाया गया है।
इनमें से ज्यादातर डाउनटाउन से जुड़े हैं जिनका पत्थरबाजी व अन्य आपराधिक घटनाओं में शामिल रहने का इतिहास रहा है। गांदरबल से 45, शोपियां से 40, बडगाम से 30 युवाओं को हिरासत में लिया गया है। अनंतनाग के बिजबिहाड़ा से भी युवक उठाए गए हैं। पुलिस सूत्रों ने बताया कि फिलहाल पकड़े गए युवाओं से पूछताछ की जा रही है। इनका घटना से फिलहाल कोई संबंध स्थापित नहीं हो पाया है।