विलय दिवस के जश्न में जम्मू विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव परिणाम पर रोक के मामले में वीरवार को सुनवाई भी नहीं हो सकी। बार एसोसिएशन ने सेकंड हाफ में काम नहीं किया। लिहाजा, हाईकोर्ट में पहले हाफ के बाद कोई सुनवाई नहीं हुई। केस संख्या पहले ही आखिरी थी। अब मामले में सुनवाई की नई तिथि लगाई जाएगी।
छात्रों, छात्र संघ चुनाव प्रत्याशियों और जम्मू विश्वविद्यालय प्रशासन समेत सभी की निगाहें आज जम्मू-कश्मीर हाईकोर्ट की जम्मू विंग पर टिकी थीं।बीते साल सत्र में कम समय रह जाने से चुनाव नहीं हो सके थे। इस बार चुनाव प्रक्रिया लटकने से छात्रों में मायूसी है।
बता दें कि सितंबर माह के आखिरी सप्ताह में छात्र संघ चुनाव प्रक्रिया के दौरान लिंगदोह समिति की सिफारिशों के उल्लंघन को लेकर छात्र नेता यशोवर्धन सिंह और अन्य कोर्ट पहुंचे थे। वह विश्वविद्यालय में साल भर के कोर्स में पूर्णकालिक छात्र होने के बावजूद चुनाव में नहीं उतर सके थे, क्योंकि विश्वविद्यालय ने चुनाव लड़ने के लिए कोर्स के दो साल का होने की समय सीमा तय कर दी थी। इसके चलते सिंह इस मामले को कोर्ट ले गए थे, जिसके बाद कोर्ट ने चुनाव परिणाम घोषित करने पर रोक लगा दी थी।