जम्मू। शहर में स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत अब करीब 800 ई-रिक्शा चलाने की तैयारी है। पहले चरण के तहत दिसंबर माह से सेवा शुरू होगी, जिसके तहत अब लोग मात्र पांच रुपये में तीन किलोमीटर तक का सफर कर सकेंगे। इसके साथ शहर को प्रदूषण मुक्त करने में भी मदद मिलेगी। कंपनी की ओर से तीन चरणों में सुविधा मुहैया करवाई जानी है। इनमें पहले चरण में 200, दूसरे और तीसरे में 600 ई-रिक्शा चलेंगे।
स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत अब धीरे-धीरे जहां शहर की सूरत बदलने लगी है वहीं, लोगों को मिलने वाली सुविधाओं में भी इजाफा होने लगा है। अब नगर निगम ने यात्रियों को सस्ता एवं सुलभ परिवहन साधन मुहैया करवाने की योजना बनाई है। इसके तहत नंवबर से दौ सौ ऑटो रिक्शा चलाए जाएंगे। इसके लिए इस सप्ताह हुए टेंडर रद्द हो गए थे, लेकिन आगामी हफ्ते फिर से टेंडर प्रक्रिया होगी। इसमें देशभर की नामी कंपनियां भाग लेंगी। यह सुविधा कंपनी के माध्यम से लोगों दी जाएगी।
टेंडर मिलने के बाद कंपनी पहले चरण में दो सौ ई-रिक्शा शहर में दौड़ाएगी। इनसे ऑटो के मुकाबले सफर काफी सस्ता होगा। मौजूदा समय में मेटाडोर के बाद शहर में ऑटो सेवा है। लेकिन ऑटो हायर करने पर दो से तीन किलोमीटर के 100 रुपये अदा करने पड़ते हैं। हालांकि अब ई-रिक्शा के लिए पांच रुपये ही देने होंगे। नवंबर माह के अंत तक सेवा शुरू करने की संभावना है।
इन चुनिंदा जगहों में मिलेगी सुविधा
नगर निगम ने ई-रिक्शा सुविधा के लिए रघुनाथ बाजार, बाहु प्लाजा, गांधी नगर, शास्त्री नगर, त्रिकुटा नगर, शास्त्री नगर, नरवाल, सतवारी, कुंजवानी, गंग्याल, जानीपुर, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, मुट्ठी, रूपनगर, ज्यूल चौक, बाहु फोर्ट, तालाब तिल्लो आदि स्थानों का चयन किया है।
रात-दिन मिलेगी सुविधा
ई-रिक्शा सुविधा अब 24 घंटे मिलेगी। इससे सवारियां एक जगह से दूसरी जगह तक आराम से सफर कर सकती हैं। इसमें नाइट चार्ज नहीं होगा। सवारियाें को निर्धारित किराया ही वहन करना पड़ेगा।
पुराने शहर में पहले हांफ चुका है ई-रिक्शा
पहले पुराने शहर में ई-रिक्शा के माध्यम से कचरा उठाया जाना था, मगर ट्रायल के दौरान ई-रिक्शा चढ़ाई नहीं चढ़ पाया था। इस कारण इस प्रोजेक्ट को रद्द करना पड़ा था। अब नए सिरे से मैदानी इलाकों में लोगों को सस्ती सुविधा देने के लिए ई-रिक्शा सेवा शुरू करने की योजना है।
शहर को प्रदूषणमुक्त करने में मिलेगी मदद
ई-रिक्शा सेवा शुरू होने से शहर में प्रदूषण पर अंकुश लगाने में मदद मिलेगी। ई-रिक्शा से प्रदूषण नहीं होता है, ऑटो सबसे ज्यादा प्रदूषण करते हैं। शहर में चलने वाले ऑटो की सर्विस समय पर नहीं हो पाती है।
चढ़ाई वाले स्थानों में ऑटो ही चलेगा
शहर में चढ़ाई वाली जगहों में ऑटो सुविधा ही लोगों को मिलेगी। पुराना शहर समेत अन्य जगहों में ऑटो के माध्यम से लोग एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंच सकेंगे।
शहर में ई-रिक्शा सेवा शुरू की जा रही है। दोबारा से टेंडर प्रक्रिया आरंभ की जा रही है। नवंबर के अंतिम सप्ताह से शहर में सुविधा मिलना शुरू होगी। कम राशि में लोग सफर कर सकेंगे।
- हितेश गुप्ता, डिप्टी सीईओ, स्मार्ट सिटी