जम्मू में शिवसेना का प्रदर्शन।
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शिवसेना ने शनिवार को जम्मू-कश्मीर के स्थानीय युवाओं के लिए नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों में आरक्षण के साथ ही पूर्ण राज्य का दर्जा वापिस दिए जाने की मांग को लेकर बाड़ी ब्राह्मणा के सिडको चौक पर प्रदर्शन किया। इस दौरान शिवसेना कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए केंद्र सरकार के खिलाफ रोष जताया। पार्टी प्रदेश अध्यक्ष मनीश साहनी के नेतृत्व में प्रदेश इकाई के नेताओं ने अपनी मांगों को लेकर जोरदार हुंकार भरी।
मनीश साहनी ने कहा कि जम्मू-कश्मीर से राज्य का दर्जा छीने हुए करीब 28 महीने हो गए हैं। 2019 में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सदन के पटल पर और कई बार सार्वजनिक मंचों पर जम्मू कश्मीर की आवाम को जल्द राज्य दर्जा लौटाने का वादा किया है। लेकिन, अब तक लोगों की इस मांग को पूरा नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में लोकतांत्रिक प्रक्रिया और राज्य का दर्जा पाने के लिए लोगों को लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। इससे जनता में निराशा और आक्रोश बढ़ रहा है।
साहनी ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल माननीय मनोज सिन्हा लगातार युवाओं को रोजगार देने का वादा कर रहे हैं। लेकिन, जमीनी स्तर पर बेरोजगारी की दर दिन-ब-दिन बढ़ती जा रही है। इससे प्रदेश का युवा निराशा की ओर बढ़ रहा है। प्रदेश में स्थानीय युवाओं को नौकरी और शैक्षणिक संस्थानों में प्राथमिकता मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि गृह मंत्री अमित शाह जम्मू-कश्मीर के दो दिवसीय दौरे पर हैं और वह उनसे जम्मू-कश्मीर के युवाओं को नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों में आरक्षण के साथ जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा वापस दिए की मांग करते हैं।