जम्मू-कश्मीर के कंडी क्षेत्रों के लिए अति अहम शाहपुर कंडी परियोजना तय समय में पूरी नहीं हो पाएगी। करीब 2793 करोड़ रुपये की परियोजना के तहत कठुआ जिले में तीन किलोमीटर लंबी नहर निर्माण की समयावधि 31 मार्च 2023 थी, लेकिन अभी तक जमीनी कार्य ही पूरा हो पाया है।
उधर, पंजाब की तरफ से पठानकोट जिले में बांध बनाने का कार्य भी अभी करीब बीस फीसदी शेष है। ऐसे में बारिश पर निर्भर रहने वाले कंडी क्षेत्र के किसानों सिंचाई की सुविधा के लिए अभी और इंतजार करना होगा। पंजाब और जम्मू-कश्मीर में शाहपुर कंडी परियोजना समझौते के तहत रावी दरिया से प्रतिदिन 1150 क्यूसिक पानी जम्मू-कश्मीर को मिलेगा।
सिंचाई के लिए इतनी बड़ी मात्रा में पानी मिलने से कठुआ व सांबा जिलों की 32173 हेक्टेयर कृषि भूमि को पर्याप्त सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध होगा और इससे कृषि अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। आधिकारिक सूत्रों के अनुसार पंजाब की तरफ से गुरदासपुर में शाहपुर कंडी परियोजना के लिए बांध बनाने का काम करीब 80 फीसदी पूरा कर लिया गया है।
शेष कार्य इस साल के अंत तक या फिर अगले साल तक ही पूरा हो पाएगा। बांध बनने के बाद पठानकोट के गांव दकनाका में झील बनेगी और यहां से जम्मू-कश्मीर को पानी मिलेगा। जम्मू-कश्मीर की तरफ से पानी लेने के लिए तीन किलोमीटर लंबी नहर बसंतपुर से लेकर कुटलियार तक बनाने के लिए जमीनी कार्य पूरा कर लिया गया है।
शाहपुर कंडी परियोजना प्रदेश के लिहाज से काफी प्रतिष्ठित परियोजना है। तीन किलोमीटर नहर निर्माण के लिए जमीनी कार्य पूरा कर लिया गया है। कटिंग और लाइनिंग का काम चल रहा है। जल्द ही निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। परियोजना के तहत पंजाब से रावी दरिया से जम्मू कश्मीर को प्रतिदिन 1150 क्यूसेक पानी मिलेगा, जिससे कठुआ और सांबा जिलों में 32173 हेक्टेयर कृषि भूमि को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध होगा। साल के अंत तक या अगले साल तक यह परियोजना पूरा हो जाएगी। - अश्विनी कुमार, एग्जीक्यूटिव इंजीनियर, रावी तवी विंग, सिंचाई विभाग, जम्मू-कश्मीर