इससे पहले सात आतंकियों के घर किए गए जमींदोज
इससे पहले, सुरक्षाबलों ने दहशतगर्द संगठन लश्कर-ए-ताइबा के शीर्ष कमांडर शाहिद अहमद कुट्टे समेत पांच और आतंकियों के घर ध्वस्त कर दिए। दो दिन में सात आतंकियों व उनके मददगारों के घर जमींदोज हो चुके हैं। उधर, एनआईए की एक टीम पहले से पहलगाम में मौजूद है। अब एजेंसी स्थानीय पुलिस से केस डायरी और एफआईआर लेकर औपचारिक मुकदमा दर्ज करेगी।
पूरी कश्मीर घाटी में 63 आतंकी ठिकानों पर छापेमारी
हमले के बाद से पूरी कश्मीर घाटी में 63 आतंकी ठिकानों पर छापे मारे गए और 1,500 से अधिक संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है। अकेले अनंतनाग से ही करीब 175 संदिग्ध पकड़े हैं। सुरक्षा एजेंसियों ने श्रीनगर समेत कई अन्य जगहों पर भी आतंकियों व उनके समर्थकों के ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापे मारकर संदिग्धों को हिरासत में लिया है। इस बीच, जम्मू-कश्मीर में सक्रिय 14 स्थानीय आतंकियों की सूची जारी की गई है। ये आतंकी पाकिस्तानी दहशतगर्दों को रसद व जमीनी सहायता के अलावा सुरक्षित पनाह भी मुहैया कराते हैं। इनमें तीन हिजबुल मुजाहिदीन, आठ लश्कर और तीन जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े हैं।
यह भी पढ़ें- Terrorist Attack: कुपवाड़ा के कंडी खास में आतंकी हमला, इस बार स्थानीय निवासी को बनाया गया निशाना, घायल
अधिकारियों ने बताया, शुक्रवार रात पुलवामा, शोपियां व कुलगाम में आतंकियों के घर ध्वस्त किए गए। पुलवामा के मुरान में अहसान उल हक शेख का घर ढहाया गया। 2018 में पाकिस्तान में प्रशिक्षण लेने वाले अहसान ने हाल में घुसपैठ की थी। शोपियां के छोटीपोरा में लश्कर के शीर्ष कमांडर शाहिद अहमद कुट्टे का घर ध्वस्त किया गया। तीन-चार वर्षों से सक्रिय कुट्टे कई वारदातों में शामिल रहा है। कुलगाम के मतलहामा में जाकिर अहमद गनी का घर भी गिरा दिया गया। गनी 2023 से सक्रिय है। दक्षिण कश्मीर के कलरूस स्थित लश्कर आतंकी फारूक तीड़वा का घर ध्वस्त कर दिया गया। शोपियां के वांदिना जैनापोरा में आतंकी अदनान शफी का घर भी ढहाया गया। एक साल से सक्रिय शफी ने एक गैर स्थानीय श्रमिक की हत्या की थी। इससे पहले, हमले के मुख्य संदिग्ध सहित दो आतंकियों आदिल ठोकर व आसिफ शेख के घर तलाशी के दौरान विस्फोटक फटने से नष्ट हो गए थे।
सुराग हासिल करने की कोशिश
सुरक्षाबलों ने घाटी में मौजूद आतंकियों व उनके समर्थकों की व्यापक तलाश और धरपकड़ शुरू की है। हिरासत में लिए संदिग्ध आतंकी संगठनों से जुड़े ओवरग्राउंड वर्कर्स (ओडब्ल्यूजी) व उनके मददगार हैं। इनमें से अधिकतर दक्षिण कश्मीर के चार जिलों से हैं। सुरक्षा एजेंसियां इनसे आतंकियों के ठिकानों का पता हासिल करने की कोशिश में जुटी हैं।
सुरक्षाबलों ने शनिवार को श्रीनगर में भी एक दर्जन से अधिक स्थानों पर छापे मारे। अनंतनाग में भी सुरक्षाबल सख्त तलाशी अभियान चला रहे हैं। किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर नजर रखने के लिए पूरे जिले में मोबाइल वाहन जांच चौकियां बनाई गई हैं।
संबंधित वीडियो-