सांबा में सरोर टोल प्लाजा बंद करने के विरोध ने दूसरे दिन मंगलवार को उग्र रूप ले लिया। टोल बंद करवाने पल्ली मोड़ के पास पहुंचे युवाओं को पुलिस ने रोक लिया। इस पर युवकों ने हाईवे पर टायर जलाकर यातायात को रोक दिया और तीन घंटे तक रोड पर डटे रहे।
पुलिस के हटाने पर भी युवक नहीं माने तो पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे। इस घटना से युवक गुस्से में आ गए और पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया। युवकों को हाईवे से हटाने और यातायात बहाल करने के लिए पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर दिया। इस बीच युवा राजपूत सभा के गिरफ्तार 26 सदस्यों को पुलिस ने मंगलवार को जेल भेज दिया। साथ ही हाईवे बंद करने के मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
सूत्रों का कहना है कि घटनाक्रम में दो पुलिस कर्मी, तीन युवक मामूली घायल हुए हैं और दो वाहनों को नुकसान पहुंचा है। दूसरी तरफ एसपी सुरिंदर चौधरी का कहना है कि कोई भी घायल नहीं हुआ है। पत्थर मारने वाले दो युवकों की पहचान की गई है।
लाठीचार्च की घटना के बाद से स्थानीय लोगों में प्रशासन के प्रति रोष पनप गया और उन्होंने इस घटना को निंदनीय बताया। इससे पहले सोमवार को पुलिस ने राजपूत सभा के 26 सदस्यों को गिरफ्तार कर टोल खाली करवाकर धारा 144 लगी दी थी, इसके बावजूद सभा से जुड़े युवाओं ने रैली निकाली।
आज आधा दिन बाजार बंद रखने का आह्वान
व्यापार मंडल ने टोल के विरोध को समर्थन देते हुए व्यापारियों से बुधवार को आधे दिन के लिए दुकानें बंद रखने का आह्वान किया। मंडल के प्रधान तजेन्द्र सिंह ने कहा कि टोल प्लाजा को बंद करवाना ही होगा। उन्होंने कहा कि युवा राजपूत सभा के सदस्यों को प्रशासन शीघ्र रिहा करे, कहीं ऐसा न हो कि कारोबारी सड़कों आ जाएं। पहले भी अमरनाथ भूमि संघर्ष में व्यापार मंडल ने महीनों तक दुकानें बंद रखी थीं।
स्थिति नियंत्रण में है। गिरफ्तार 26 लोगों को जेल भेज दिया गया है। इस मामले में हाईवे बंद करने के आरोप में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। सीसीटीवी तथा वीडियो फुटेज से पहचान की जा रही है। जांच में ऐसे लोगों के नाम सामने आने पर उनका नाम एफआईआर में जोड़ा जाएगा। पुलिस ने हल्का लाठीचार्ज किया है। किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। एक वाहन को नुकसान पहुंचा है। - शक्ति पाठक, डीआईजी।