जीएमसी की इमरजेंसी में पहुंचने वाले अधिकांश मामले शहर से हैं। सर्दी बढ़ने पर लोग शारीरिक गतिविधियां कम कर देते हैं। ऐसे मौसम में खानपान पर ज्यादा तवज्जो दी जाती है। लेकिन यह हानिकारक होता है। सामान्य से ज्यादा खानपान करने से शरीर में कोलेस्ट्रोल की मात्रा सामान्य से अधिक हो जाती है।
सुपर स्पेशलिटी के कार्डियोलाजी यूनिट के एचओडी डॉ. सुशील शर्मा के अनुसार तापमान में गिरावट से शरीर में कई हारमोन में बदलाव आता है। इसमें न्यूरो हारमोन अहम होता है। युवाओं में हार्ट अटैक में स्मोकिंग, हाइपरटेंशन आदि जिम्मेदार हैं। महिलाओं में हार्ट अटैक के कम होने का कारण उनका नियमित माहवारी होना रहता है। लेकिन माहवारी रुकने पर ऐसी महिलाओं में मोटापा बढ़ने लगता है, जो हार्ट अटैक का कारण बनता है।
1. ब्लड प्रेशर, डायबिटीज और अस्थमा के मरीज सर्दियों में विशेष सावधानी बरतें
2. शरीर में पर्याप्त कपड़े डालकर ही बाहर निकलें
3. नहाने के दौरान ठंडा पानी पहले पैरों पर डालें और बाद में शरीर के अन्य हिस्सों पर। इससे शरीर के तापमान में संतुलन बना रहेगा
3. ठंडे पानी का सेवन न करें, गुनगुना पानी लें
4. दुग्ध उत्पादकों का सेवन करने से परहेज करें
5. डायबिटीज के मरीज खाली पेट न रहें, सुबह ब्रेकफास्ट में फ्रूट लें
(आयुर्वेदिक अस्पताल जम्मू के अधीक्षक डॉ. तरण सिंह के मुताबिक)