बहुप्रतीक्षित 58.25 किलोमीटर लंबे जम्मू रिंग रोड के चालीस किलोमीटर हिस्से पर मार्च, 2022 तक वाहन दौड़ने लगेंगे। इसके लिए भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने संबंधित ठेकेदार को कार्य तेजी से पूरा करने के निर्देश जारी कर दिए हैं। जम्मू रिंग रोड की शोभा और रोमांच को 16 अंडर पास और आठ फ्लाई ओवर के अलावा दो सुरंगे बढ़ाएंगी।
फोरलेन जम्मू रिंग रोड का निर्माण भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण करवा रही हैं। इसके क्षेत्रीय अधिकारी रोहिन गुप्ता ने बताया कि जम्मू रिंग रोड का निर्माण अब तेज गति से करवाया जा रहा हैं। पहले चरण में अखनूर से कोट भलवाल तक आठ किलोमीटर के हिस्से को जनता को समर्पित करने के बाद अब मार्च 2022 तक करीब 40 किलोमीटर रिंग रोड की दो लेन पर वाहन दौड़ने लगेंगे। इसके लिए संबंधित ठेकेदार को जरूरी दिशा निर्देश जारी किए जा चुके हैं।
उनके अनुसार जम्मू रिंग रोड की शोभा को 16 अंडर पास और आठ फ्लाई ओवर के अलावा दो सुरंगें बढ़ाएंगी। इसके अलावा 31 छोटे और आठ बड़े पुल भी बनाए जा रहे हैं। उल्लेखनीय हैं कि जम्मू रिंग रोड परियोजना की आधार शिला 2018 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रखी थी। सांबा जिले के राया मोढ़ से लेकर जम्मू जिले के नगरोटा हाइवे तक बन रही जम्मू रिंग रोड परियोजना भारत माला परियोजना के अंतर्गत बन रही हैं और इसका राष्ट्रीय और सामरिक महत्व भी है।
परियोजना से जम्मू शहर में यातायात व्यवस्था बेहतर होगा और जम्मू-पठानकोट नेशनल हाइवे से आने वाले भारी वाहनो को जम्मू रिंग रोड से होते हुए जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाइवे की तरफ भेजा जाएगा।