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कश्मीर: रात से बारिश जारी, हिमस्खलन की चेतावनी

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जम्मू-कश्मीर में गुरूवार-शुक्रवार रात से ही तेज बारिश हो रही है। बारिश के कारण जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। कश्मीर घाटी में गुरूवार को बारिश रुकने से लोगों को थोड़ी राहत मिली, लेकिन शाम से बारिश फिर शुरू हो गई जो अभी तक जारी है।
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झेलम का जलस्तर खतरे के निशान से नीचे है लेकिन यह लगातार खतरे के निशान की तरफ बढ़ रहा है। घाटी के लोगों में अनहोनी की आशंका बनी हुई है। घाटी में आपदा से पहले ही रियासती और केंद्र सरकार हरकत में आ गई है। नेशनल डिजास्टर रिस्पांस फोर्स (एनडीआरएफ) प्रभावित क्षेत्रों से लोगों को निकाल रही है।

सेना को फिलहाल स्टैंड बाई में रखा गया है। इसी बीच प्रशासन ने अगले 24 घंटों में कश्मीर के छह जिलों में हिमस्खलन की चेतावनी दी है। इनमें कुलगाम, पुलवामा, बारामुला, कुपवाड़ा, बांडीपोरा और गांदरबल शामिल हैं। लोगों को हिदायत दी गई है कि भारी बर्फबारी के दौरान घरों से बाहर न निकलें।
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उधर, सरकार के ज्यादातर मंत्री घाटी में डेरा डाल चुके हैं। शिक्षा मंत्री नईम अख्तर ने कहा कि कहीं भी बाढ़ जैसी स्थिति नहीं है। पिछले साल आई बाढ़ के कारण लोगों में दहशत जरूर है। तमाम नदियां अभी खतरे के निशान से नीचे बह रही हैं।

नेशनल हाईवे पर नहीं छोड़े गए वाहन

जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाईवे पर वीरवार को दोनों ओर से वाहन नहीं छोड़े गए। जगह-जगह गिरीं पस्सियों को हटाने का काम जारी रहा। रामबन में गिरीं पस्सियों को हटा लिया गया। हाईवे पर फंसे लगभग 600 वाहनों को सुरक्षित निकाला। रामबन के हाईवे पर फंसे सात सौ वाहनों को श्रीनगर के लिए रवाना कि या गया।

श्रीनगर से 2500 ट्रक व 500 यात्री वाहनों को जम्मू के लिए छोड़ा गया। रात को नेशनल हाईवे बंद कर दिया गया। एसएसपी ट्रैफिक नेशनल हाईवे संजय कोतवाल के अनुसार खराब मौसम को देखते हुए जम्मू और श्रीनगर से वाहनों को छोड़ा नहीं गया है।

कई स्थानों पर पस्सियां गिरने के कारण बटोत-डोडा-किश्तवाड़ अंतर जिला मार्ग पर भी यातायात ठप रहा। उधमपुर में सुबह और चिनैनी में दोपहर बाद तेज बारिश हुई। चप्पड़ में एक मकान गिरा। डोडा, कि श्तवाड़ व भद्रवाह क्षेत्र में अब तक दर्जनों मकान गिर चुके हैं, जबकि कई गिरने के कगार पर हैं। इससे लोगों में भय बना हुआ है।
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मुश्किल भरे हो सकते हैं अगले 24 घंटे

राजोरी के थन्नामंडी, दरहाल, कोटरंका व बुद्धल पर्वतीय इलाकों में बारिश हुई। उज्ज दरिया में डूबते हुए एक व्यक्ति को देर रात करीब ढाई बजे पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से बचाया। खराब मौसम से कठुआ जिले की मशहूर आम की फसल चौपट हो रही है।

मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों तक मूसलाधार बारिश की संभावना जताई है। विभाग के निदेशक सोनम लोटस ने बताया कि तीन अप्रैल के बाद से घाटी के ऊपर बना पश्चिमी दबाव कमजोर पड़ने लगेगा और मौसम में सुधार की संभावना है।

उन्होंने यह भी कहा कि अगले 24 घंटे के दौरान घाटी के अधिकतर इलाकों में मूसलाधार बारिश की संभावना है, जिससे लोगों को डरने की आवश्यकता नहीं है। गौरतलब है कि शुक्रवार शाम करीब 7 बजे से एक बार फिर से बारिश शुरू हुई जो अभी तक जारी है।

विभिन्न हिस्सों में दर्ज बारिश
श्रीनगर - 27.6 मिमी
जम्मू - 34.2 मिमी
बनिहाल - 67.4 मिमी
बटोत - 67.2 मिमी
कटड़ा - 37.7 मिमी
भद्रवाह - 41.6 मिमी
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