- भीड़ वाली जगहों पर शौचालय तलाश पाना आसान नहीं
- नगर निगम के वॉल ऑफ शेम अभियान से महसूस हो रही जरूरत
संवाद न्यूज एजेंसी
जम्मू। शहर में करीब 100 शौचालय हैं। इन्हें अलग-अलग जगह बनाया गया है लेकिन जगह की कमी से ज्यादातर शौचालय भीड़भाड़ से दूर हैं। इन्हें तलाश पाना बाहर से आए लोगों के लिए आसान नहीं है। शहर में रोज करीब 10,000 लोग खरीदारी करने पहुंचते हैं। इनके लिए नगर निगम भीड़ वाली जगहों पर सार्वजनिक शौचालय का निर्माण नहीं कर पाया है। अब लोग शेम ऑफ वॉल अभियान से दुविधा में हैं। नगर निगम ने खुले में शौच करने पर पोस्टर बनाकर चिपकाने की मुहिम छेड़ी है तो शौचालय की तलाश भी बढ़ गई है। पेश है शहर में शौचालय इंतजाम की टोह लेने उतरी टीम की आंखों देखी रिपोर्ट।
राजतिलक रोड बाजार (दोपहर 1:00 बजे)
राजतिलक रोड बाजार पुरानी मंडी चौक से परेड चौक तक फैला हुआ है। पूरे बाजार में घूम आएं महिलाओं व पुरुषों के लिए एक भी शौचालय नहीं मिलेगा। परेड चौक के आसपास की दुकानों पर आने वाले लोगों को तो सुविधा मिल जाती है लेकिन राजतिलक रोड पुरानी मंडी की तरफ आने वाले लोगों को परेशानी हो रही है। परेड चौक तक आने-जाने में उन्हें करीब 10-15 मिनट का समय लग जाता है। राजतिलक रोड ट्रेडर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष अजय कुमार ने कहा कि यहां शौचालय का निर्माण होना चाहिए।
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लिंक रोड बाजार (दोपहर 1:30 बजे)
लिंक रोड, राजतिलक रोड और पटेल बाजार में कहीं भी शौचालय नहीं है। लोग शौच के लिए आधा किलोमीटर दूर परेड चौक जा रहे हैं। वहां तक आने-जाने में करीब आधा घंटा बर्बाद हो जाता है। इससे बाजार में आने वाले अधिकतर लोग पुराने शहर के बाजारों से मुंह मोड़ने लगे हैं। लिंक रोड बाजार एसोसिएशन के अध्यक्ष राजिंदर गुप्ता का कहना है कि पुराने शहर के बाजारों में एक भी शौचालय का निर्माण नहीं हुआ है जबकि पर्याप्त जगह भी है।
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रघुनाथ बाजार (दोपहर 2:00 बजे) :
रघुनाथ बाजार में एक भी शौचालय नहीं बना है। इससे सटे प्रतापगढ़ मोहल्ले में सार्वजनिक शाैचालय काफी दिनों से बंद पड़ा है। सुंदर सिंह रोड पार्क के बगल में काफी पुराना शौचालय है। इसका मरम्मत कार्य अभी किया जा रहा है। अगर इस शौचालय की दूरी की बात करें तो यह 200 मीटर की दूरी पर पड़ता है। पांच से सात मिनट का समय लगेगा। रघुनाथ बाजार एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय गुप्ता ने बताया कि नगर निगम ने शहर में स्मार्ट सिटी के तहत अनेक काम किए लेकिन इसे पूरा करने में नाकाम नजर आ रही है।
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पक्का डंगा (दोपहर 3:00 बजे)
बाजार में शौचालय तो है लेकिन रखरखाव न होने से पूरी तरह जीर्ण अवस्था में है। महिलाएं तो छोड़िए, पुरुष भी अब वहां जाना पसंद नहीं करते। तीन महीने पहले नगर आयुक्त से मीटिंग हुई थी लेकिन सफाई और लाइट की समस्या अभी भी जस की तस है। पक्का डंगा ट्रेड एसोसिएशन के अध्यक्ष हरीश गुप्ता बताते हैं कि शहर में जहां शौचालय नहीं वहां पर तो कमी खल ही रही है लेकिन जहां पर सुविधा उपलब्ध है उसका रखरखाव इन दिनों सही से नहीं किया जा रहा है।
जैन बाजार (दोपहर 3:00 बजे)
शहर के जैन बाजार में एक भी शौचालय नहीं है। इससे लोगों को मजबूरन मुबारक मंडी में जाना पड़ता है जो पुरानी मंड़ी की तरफ से करीब एक किलोमीटर दूर पड़ता है और वहां तक आने-जाने में करीब पांच से सात मिनट के रास्ते में बाजार में जाम लगने के कारण आधे घंटे का समय निकल जाता है। स्वर्णकार संघ के अध्यक्ष अजय बर्मा बताते हैं कि इस बाजार में पार्किंग और शौचालय की समस्या बरकरार है। इससे रोज पांच हजार से ज्यादा लोग परेशान रहते हैं।