पाकिस्तान रियासत में 25 नवंबर से शुरू हो रहे विधानसभा चुनाव में खलल डालने की बड़ी साजिश रच रहा है। सीमा पर पाकिस्तानी रेंजरों के साथ-साथ पाकिस्तानी सेना द्वारा मोर्चा संभालना इस साजिश के पुख्ता संकेत हैं।
सितंबर-अक्तूबर में पाकिस्तान द्वारा सीमा पार से गोलाबारी किये जाने के दौरान हालात का जायजा लेने पहुंचे बीएसएफ महानिदेशक डीके पाठक ने भी इस बात की पुष्टि की थी कि सीमा पार से पाक रेंजरों के अलावा पाक सेना द्वारा भी मोर्चा संभाला जा रहा है और गोलाबारी की जा रही है।
इसके अलावा सीमा और एलओसी पर पाक की बैट (बार्डर एक्शन टीम) के सक्रिय होने से भी चुनाव के दौरान पाकिस्तान की ओर से नापाक हरकत को अंजाम देने की आशंका है। बैट में पाक सेना के जवानों के अलावा लश्कर और अन्य आतंकी संगठनों के आतंकी भी शामिल हैं।
चुनावों में वारदात की फिराक में 200 आतंकी
पुलिस महानिदेशक के राजेंद्रा ने रियासत में करीब 200 आतंकियों के सक्रिय होने की पुष्टि की है। उनके मुताबिक इनमें से करीब 150 आतंकी विदेशी हैं। शनिवार को सेना और पुलिस ने एक संयुक्त कार्रवाई के दौरान लश्कर के चार और आतंकियों को हथियारों समेत गिरफ्तार किया।
इनकी पहचान तौसीफ अहमद डार, माजिद गुलजार, तौसीफ अहमद डार और अहमद मट्टू के रूप में की गई है। प्राथमिक जांच में चारों को 16 अक्तूबर को नौपोरा में ग्रेनेड हमले का दोषी पाया गया है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक चारों को लश्कर कमांडरों की ओर से आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के निर्देश जारी किए गए थे। पुलिस इनकी तलाश में जुटी थी।
बीते एक सप्ताह में पुलिस द्वारा लश्कर के तीसरा नेटवर्क ध्वस्त किया गया है जिसमें स्थानीय युवाओं को शामिल किया गया है। सीमा और नियंत्रण रेखा पार से घुसपैठ कराने में नाकाम रहने पर आतंकी संगठनों द्वारा रणनीति में बदलाव करते हुए स्थानीय युवाओं को बरगलाकर उनसे आतंकी वारदात करवाने की रणनीति पर काम किया जा रहा है।
पिछले कुछ दिनों में लगातार बढ़ी गतिविधियां
इसके अलावा सुरक्षा बलों को निशाना बनाने के लिए और अवाम में दहशत फैलाने के लिए आईईडी विस्फोट करने की भी साजिश रची जा रही है। एलओसी पर मेंढर में बीते महीने ही आईईडी विस्फोट की दो घटनाओं को अंजाम दिया गया जबकि एक आईईडी बरामद कर ली गई थी।
बीते शुक्रवार को भी जिला शोपियां में मुगल रोड पर सिलेंडर में फिट की गई पांच किलो की आईईडी बरामद की गई। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के मुताबिक एलओसी पार लांचिंग पैड पर भी 200 से अधिक संख्या में आतंकी घुसपैठ की ताक में बैठे हैं।
इसके अलावा चना के दौरान एलओसी और आईबी पर भी पाकिस्तान की ओर से गोलाबारी किये जाने की आशंका जताई जा रही है। इसके चलते ही सीमा से सटे भी मतदान केंद्रों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट करने का भी फैसला किया गया है। उल्लेखनीय है कि इस वर्ष अब तक सुरक्षा बलों ने 81 आतंकियों को मार गिराया है।