अरनिया सेक्टर में मारे गए घुसपैठिए की पहचान उसकी बाजू पर की गई लिखाई से हुई। दाहिनी बाजू पर उसका पूरा नाम और पता लिखा था। वह आतंकियों का गाइड हो सकता है। वहीं, पाकिस्तान ने भी माना है कि यह उनके यहां का नागरिक है। शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद उसका शव पाक को सौंपा जाएगा।
मारे गए घुसपैठिए का नाम मोहम्मद अलवर पुत्र फजल अहमद निवासी शिवे कलां, जिला सियालकोट है। यह सब उसकी दाहिनी बाजू पर लिखा था। मृतक की आयु करीब 35 वर्ष बताई जा रही है। उससे कुछ बरामद नहीं हुआ है।
नेकोवाल के सामने पाकिस्तान का उमरा बली नाम का बहुत बड़ा गांव है। शिवे कलां भी इस गांव का हिस्सा हो सकता है। पाकिस्तान ने पुष्टि की है कि मारा गया घुसपैठिया उनके गांव शिवे कलां का है।
ऐसा पहली बार हुआ है, जब किसी घुसपैठिए का नाम, पता उसके शरीर पर लिखा हो। इसके पीछे क्या कारण हो सकता है? यह जांच एजेंसियों के लिए विषय बन गया है।
बुधवार कंपनी हेडक्वार्टर हो सकता था निशाने पर
अरनिया में बुधवार पोस्ट के पास ही बीएसएफ का कंपनी हेडक्वार्टर है। सूत्रों की मानें, तो आतंकियों के जिस दल ने घुसपैठ का प्रयास किया। वह इस हेडक्वार्टर को निशाना बनाना चाहते थे। लेकिन, बीएसएफ के अलर्ट जवानों ने इस कोशिश को नाकाम कर दिया।