आठ अक्टूबर 2014 की सुबह सात बजे जिले के सीमावर्ती गांव चलेआरी के बूटी राम का परिवार घर के बरामदे में बैठा था। उधर, पाकिस्तान की ओर से गोलीबारी की जारी थी। पाकिस्तानी रेंजर्स मोट्रार्र के गोले दागे जा रहे थे।
बूटी राम का परिवार सहमा बरामदे में था कि एक गोला आंगन में आकर गिरा। इसके बाद देखते-देखते दिल दहला देने वाला मंजर सामने आ गया। चीख-पुकार मच गई। एक के बाद एक तीन गोले आगे पीछे गिरे।
परिवार वाले जहां-जहां बैठे थे वहीं निढाल हो गए। इस दौरान परिवार के छह लोग गंभीर घायल हो गए। गोलीबारी कम होने पर पड़ोसी उनके घर पहुंचे। जैसे-तैसे सभी को सांबा जिला अस्पताल पहुंचाया गया।
वहां से उन्हें जम्मू रेफर कर दिया गया। वहां पर बूटी राम, उनकी पत्नी शकुंतला और बहू पोली देवी की मौत हो गई, जबकि बूटी राम का बेटा सौदागर मल, पोता कुलदीप व पोता कौशल गंभीर घायल हो गए थे।