जम्मू कश्मीर में सरकार गठन के लिए राजनीतिक दलों में एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोपों का सिलसिला जारी है। नेशनल कांफ्रेंस द्वारा मंगलवार को राज्यपाल को सरकार गठन के लिए पीडीपी को बिना शर्त समर्थन देने पर सौंपे पत्र पर भी राजनीति शुरू हो गई है।
विधानसभा चुनाव में सबसे बड़े राजनीतिक दल के तौर पर उभरी पीडीपी ने बुधवार को श्रीनगर में इशारा दे दिया कि वह नेकां के प्रस्ताव के सामने झुकेंगे नहीं। पीडीपी के प्रवक्ता नईम अख्तर ने अमर उजाला से कहा कि नेकां को सत्ता में आने की लालसा है।
उन्होंने कहा कि जम्मू कश्मीर राज्य की जनता ने उन्हें नकारा है और मात्र 15 सीटें हासिल कर वह सरकार गठन पर निर्णय नहीं ले सकती। नेकां सरकार गठन का प्रस्ताव रख सत्ता में रहना चाहती है। पीडीपी को सबसे ज्यादा सीटें हासिल हुई हैं और वह खुद सरकार गठन पर सोच विचार करेगी।