पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला की राह पर चलते हुए नेकां के वरिष्ठ नेता एवं विधायक अकबर लोन ने भी पत्थरबाजों को आजादी का समर्थक बताया है। फारूक के बयान का समर्थन करते हुए कहा कि वह लोगों की तरजुमानी कर रहे थे। लोन के बयान पर पीडीपी ने पलटवार करते हुए कहा कि अगर वह तरजुमानी करते होते तो सत्ता से बाहर नहीं होते।
पार्टी ने नेकां को कश्मीर की स्थिति के लिए जिम्मेेदार ठहराया । लोन ने कहा कि फारूक तो रोज कहते हैं कि हिंदुस्तान और पाकिस्तान को मिल बैठकर कश्मीर मसले को हल करना चाहिए लेकिन इस दिशा में पहल नहीं हो रही। इसके बगैर और कोई चारा नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर इस मसले का हल नहीं होता है तो हम भी इसमें शिरकत करेंगे।
पीडीपी के प्रवक्ता वहीद-उर-रहमान पर्रा ने अकबर लोन के बयान की निंदा करते हुए कहा कि नेकां वह राजनीतिक दल है जिसका राज्य में बहुमत था लेकिन आज वह सिमट कर रह गई है। लोगों को सोचना चाहिए कि नेकां किस तरह से लोगों के साथ धोखा कर रही है क्योंकि जब वह सत्ता में होते हैं तो वह कश्मीर को भारत का अटूट अंग बताते हैं।