सुप्रीम कोर्ट के कॉलेजियम की अनुशंसा के दो माह बाद जस्टिस नोंगमीकपम कोटिश्वर सिंह को जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश नियुक्त कर दिया गया है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की ओर से रविवार को नियुक्ति आदेश जारी किया गया।
जस्टिस सिंह गुवाहाटी हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश पद पर सेवाएं दे रहे थे। भारतीय मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाले छह सदस्यीय कॉलेजियम ने जस्टिस सिंह की 13 दिसंबर 2022 को अनुशंसा की थी।
भारत सरकार के उप सचिव की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार राष्ट्रपति ने संविधान के अनुच्छेद 217 के क्लॉज एक के तहत जस्टिस सिंह को गुवाहाटी से जम्मू-कश्मीर और लद्दाख हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश नियुक्त किया है।
जस्टिस सिंह सात दिसंबर को सेवानिवृत्त हुए जस्टिस अली मोहम्मद माग्रे की जगह लेंगे। जस्टिस माग्रे को सेवानिवृत्ति के बाद से कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश की जिम्मेदारी दी गई थी।
पिता भी गुवाहाटी हाईकोर्ट में थे जस्टिस
जस्टिस एन कोटिश्वर सिंह का जन्म एक मार्च 1963 में मणिपुर के इंफाल में हुआ। उनके पिता एन इबोटॉंबी सिंह भी गुवाहाटी हाईकोर्ट में न्यायाधीश रहे। जस्टिस कोटीश्वर सिंह ने दिल्ली विश्वविद्यालय से राजनीतिक विज्ञान में बीए ऑनर्स की डिग्री हासिल की।
इसके बाद एलएलबी करने पर उन्होंने 1986 में वकालत शुरू की। 1992 में उन्होंने लंदन विश्वविद्यालय से कॉमनवेल्थ यंग लॉयर्स कोर्स किया। उन्होंने सुप्रीमकोर्ट से लेकर गुवाहाटी हाईकोर्ट, तत्कालीन असम, नगालैंड, मेघालय, त्रिपुरा, मिजोरम और अरुणाचल प्रदेश के तत्कालीन हाईकोर्ट, केंद्रीय प्रशासनिक ट्रिब्यूनल और मणिपुर की निचली अदालत में भी सेवाएं दीं।
तीन नवंबर 2007 तक मणिपुर में एडवोकेट जनरल रहे जस्टिस सिंह को हाईकोर्ट की पीठ में शामिल किया गया। इसके बाद से उन्होंने हाईकोर्ट में सेवाएं देते हुए इस साल 20 जनवरी तक गुवाहाटी हाईकोर्ट में मुख्य न्यायाधीश का पदभार संभाला।