उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने केंद्रीय पेट्रोलियम व प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप पुरी के साथ जम्मू के मजीन में आपदा प्रबंधन केंद्र और यात्री निवास की आधार शिला रखी। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि अमरनाथ यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए जम्मू-कश्मीर में 4 से 5 नए यात्री निवास बनाए जाएंगे।
इसके लिए बालटाल और कश्मीर के प्रवेशद्वार वालनाट फैकटरी के पास जगह देख ली गई है। नुनवान कैंप के पास भी जगह तलाश की जा रही है। चंदनबाड़ी से पंचतरणी, संगम टॉप से होते हुए बालटाल तक सड़क निर्माण के लिए एनएचआईडीसीएल (राष्ट्रीय राजमार्ग एवं बुनियादी ढांचा विकास निगम) डीपीआर तैयार कर रहा है।
यह सड़क यात्रियों का समय बचाने के साथ-साथ आरामदायक सफर का अहसास करवाएगी। तब संगम टाप से बाबा बर्फानी की दूरी मात्र दो किलोमीटर रह जाएगी। उपराज्यपाल ने बताया कि निर्माण कार्यों के लिए तेल एवं प्राकृतिक गैस निगम लिमिटेड (ओएनजीसी) सीएसआर के तहत 51 करोड़ रुपये खर्च करेगा।
उप राज्यपाल ने प्रधानमंत्री और केंद्रीय मंत्री पुरी का इन सुविधाओं के लिए आभार जताया। प्रदेश में अमरनाथ यात्रियों के लिए 4 से 5 और यात्री निवास बनवाने की मंजूरी देने के लिए केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री का भी आभार व्यक्त किया। उन्होंने ओएनजीसी के अध्यक्ष अरुण कुमार सिंह और निदेशक मंडल के सहयोग की भी प्रशंसा की।
अमरनाथ यात्रा में सुरक्षा चुनौतियों पर उपराज्यपाल ने कहा कि चुनौतियां आती हैं और उनका सामना किया जाता है। इस बार अमरनाथ यात्रा ट्रैक पर अधिक बर्फ गिरी है। इसे देखते हुए श्रद्धालुओं के लिए सभी बुनियादी सुविधाओं को सुनिश्चित बनाया जा रहा है।
18 महीने में बनेगा यात्री भवन, स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर ने बनाया डिजाइन
स्कूल ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर नई दिल्ली ने नए बनने जा रहे यात्री निवास का डिजाइन तैयार किया है। यात्री निवास का काम 18 माह में पूरा किया जाएगा। केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी ने इस मौके पर कहा कि सुरक्षित और परेशानी मुक्त यात्रा के लिए आवास, परिवहन, चिकित्सा और बेहतर संपर्क सहित अन्य सुविधाओं को बढ़ाने के लिए काम किया जा रहा है।
यात्रा ट्रैक का काम युद्धस्तर पर चल रहा है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि नया यात्री निवास हर साल 30 हजार यात्रियों को सुविधा देगा। पिछले साल 2015 के बाद से सबसे अधिक 3.65 लाख यात्रियों ने बाबा बर्फानी के दर्शन किए थे। इस दौरान डीडीसी अध्यक्ष भारत भूषण, सांसद जुगल किशोर शर्मा, मुख्य सचिव डॉ. अरुण कुमार मेहता मौजूद रहे।
2022 में चंद्रकोट यात्री निवास में रुके थे 50 हजार श्रद्धालु
जून 2022 में शुरू किए गए चंद्रकोट यात्री निवास में 50 हजार श्रद्धालु रुके थे। श्रीनगर में भी यात्री निवास के निर्माण पर काम चल रहा है। इससे पहले 2021 में श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए ऑनलाइन दर्शन, हवन और प्रसाद की पहल की गई थी।
सोनमर्ग से पवित्र गुफा तक ऑप्टिकल फाइबर केबल बिछाई जा रही
अमरनाथ यात्रा के दौरान यात्रियों को नेटवर्क मिलता रहे, इसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं। टेलीकाम सेवा प्रदाताओं द्वारा दूरसंचार टावर, सेल ऑन व्हील्स स्थापित किए जा रहे हैं। इसके अलावा सेना सोनमर्ग से पवित्र गुफा तक आप्टिकल फाइबर केबल बिछा रही है।