केरल और गोवा की तर्ज पर अब जम्मू-कश्मीर के पर्यटन और तीर्थ स्थलों पर आने वाले पर्यटकों को सैर सपाटे के साथ तनाव दूर भगाने और खुद को तरोताजा रखने का मौका मिलेगा। इसके लिए प्रदेश के प्रमुख पर्यटन और तीर्थ स्थलों पर विशेष आयुष वेलनेस केंद्र आपकी खिदमत के लिए तैयार हैं। इन केंद्रों पर मसाज, योगा, मेडिटेशन, शिरोधारा, पंचकर्मा, शोधन चिकित्सा आदि चिकित्सा लाभ पा सकते हैं।
पहले चरण में विश्व विख्यात पर्यटन स्थल गुलमर्ग, पहलगाम, पटनीटॉप, गोल्फ कोर्स सिद्दड़ा जम्मू के अलावा तीर्थ स्थल कटड़ा और शाहदरा शरीफ (राजोरी) में शुरू किए गए विशेष आयुष केंद्रों पर पर्यटकों ने रुझान दिखाया है। जम्मू-कश्मीर में कोरोना की दूसरी लहर के बाद हालात सामान्य होने पर पर्यटकों की आमद बढ़ी है। जम्मू संभाग के ही पर्यटन और तीर्थ स्थलों पर घरेलू स्तर पर एक करोड़ के करीब पर्यटक पहुंच चुके हैं।
प्रदेश के प्रमुख पर्यटन और तीर्थ स्थलों पर आने वाले पर्यटकों को मनोरंजन, मौज मस्ती के साथ तनाव दूर भगाने में प्राथमिकता रहती है। जिसे देखते हुए पर्यटकों को अब मेडिसन पर्यटन से जोड़ा जा रहा है। इसके लिए चरणबद्ध तरीके से प्रदेश के प्रमुख पर्यटन और तीर्थ स्थलों पर विशेष आयुष वेलनेस केंद्र खोले जा रहे हैं। इसमें सोनमर्ग में भी जल्द ऐसे एक केंद्र को शुरू किया जा रहा है।
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इसमें आयुष चिकित्सा के माध्यम से पर्यटकों को बेहतर चिकित्सीय वातावरण देने के प्रयास किए जा रहे हैं। आयुष निदेशक जम्मू-कश्मीर डॉ. मोहन सिंह ने कहा कि जम्मू संभाग के प्रमुख तीर्थ स्थलों में वैष्णो देवी में आने वाले यात्रियों के लिए कटड़ा में विशेष आयुष वेलनेस केंद्र शुरू किया गया है। चूंकि आयुष विभाग पर्यटकों को आवासीय सुविधा नहीं दे सकता है, जिसके लिए होटल एसोसिएशनों से संपर्क किया जा रहा है। आयुष केंद्रों पर पर्यटकों को सामान्य दरों में मसाज, योगा, मेडिटेशन, शिरोधारा, पंचकर्मा आदि चिकित्सीय लाभ दिए जा रहे हैं। इसमें भविष्य में ऐसे और केंद्र खोले जाएंगे।