केंद्र सरकार ने वीरवार को राष्ट्रपति पदक, वीरता पुरस्कार और सेवा पुरस्कारों की घोषणा की। गृह मंत्रालय की ओर से जारी सूची में इस साल देश भर के 1132 कर्मियों को सम्मानित किया जाएगा। इनमें 275 वीरता पुरस्कार हैं, जिसमें सबसे ज्यादा 72 जम्मू-कश्मीर पुलिस के जवानों को दिए जाएंगे। 15 पुलिस कर्मियों को उत्कृष्ट सेवा पुरस्कार के लिए चुना गया है जिनमें से तीन लद्दाख से हैं।
वहीं, दो डीएसपी अशोक सिंह और मनोज कुमार को राष्ट्रपति पदक से सम्मानित किया जाएगा। चार पुलिस कर्मियों को शौर्य चक्र से सम्मानित किया जाएगा। इनमें डीएसपी मोहन लाल, एएसआई अमित रैना, एसआई फिरोज अहमद डार और कांस्टेबल वरुण सिंह शामिल हैं।
72 वीरता पुरस्कार पाने वाले पुलिस कर्मियों में एक एसएसपी, दो एसपी, 12 डीएसपी, तीन इंस्पेक्टर, दो सब-इंस्पेक्टर, एक पीएसआई, 14 हेड कांस्टेबल, 14 सिलेक्शन ग्रेड कांस्टेबल, 15 कांस्टेबल, चार एसआई, एक पीएसआई और एक फाॅलोअर शामिल हैं। देश भर में कुल 277 वीरता पुरस्कार पाने वालों में 119 कर्मी माओवाद और नक्सलवाद से प्रभावित इलाकों में तैनात रहे हैं, जबकि 133 कर्मी जम्मू-कश्मीर क्षेत्र के हैं। 2023 में जम्मू-कश्मीर पुलिस को दो राष्ट्रपति पदक और 115 जांबाजों को शौर्य के लिए पुलिस पदक से सम्मानित किया गया था।
डीआईजी अब्दुल क्यूम सहित छह को पुलिस मेडल
जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने भी छह पुलिस कर्मियों को पुलिस मेडल देने की घोषणा की है। इसमें डीआईजी अब्दुल क्यूम ठाको, एसएसपी रश्मी वजीर, डीएसपी मोहम्मद एजाज भट, इंस्पेक्टर अश्विनी कुमार अंगोत्रा, इंस्पेक्टर नसीर अहम वानी और हेड कांस्टेबल राजिंदर कुमार शामिल हैं।