आरएस पुरा। सीमांत गांवों में लगाए गए नलकूपों से खेतों तक पहुंचने वाली नालियां कई जगह टूटी हैं। इस कारण नलकूप का पानी किसान के खेतों तक नहीं पहुंच रहा। इससे फसल सूखने का खतरा है। इससे चिंतित सीमावर्ती किसानों ने प्रशासन से खेतों में सिंचाई की सुविधा दिलाने की मांग की है।
प्रभावित किसानों का कहना है कि नलकूप लगने के बावजूद उन्हें बारिश पर ही निर्भर रहना पड़ रहा है। किसानों ने बताया कि उपजिले में सीमा क्षेत्र के कई गांवों में सिंचाई के लिए 200 से अधिक नलकूप लगाए गए हैं। इनसे करीब 40,000 कनाल कृषि भूमि की सिंचाई होनी चाहिए लेकिन ज्यादातर जगहों पर चैनल नालियों के टूट जाने से कई कनाल कृषि भूमि को सिंचाई का पानी नहीं मिल पा रहा है। सुचेतगढ़ पंचायत के पूर्व सरपंच श्रवण लाल भगत का कहना है कि सरकार ने लाखों रुपये खर्च कर सिंचाई नलकूप लगाया है लेकिन नालियां टूटने के कारण खेतों तक पानी नहीं पहुंच रहा है। उन्हाेंने कहा कि सरकार और प्रशासन को यह समस्या सुलझानी चाहिए।