डेमोक्रेटिक आजाद पार्टी में जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री गुलाम नबी आजाद को सर्वसम्मति से चेयरमैन बनाया गया है। पार्टी में प्रधान पद नहीं होगा और चेयरमैन का पद ही सर्वोच्च होगा। पार्टी के संस्थापक सदस्यों में 600 सदस्यों को शामिल किया गया है। पार्टी की दो संभागीय, छह जोनल और ब्लाक स्तर की समितियां बनेंगी। पार्टी के संविधान को अपनाया गया है।
आजाद ने सैनिक फार्म, सैनिक कालोनी में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं के साथ करीब पांच घंटे की मैराथन बैठक में पार्टी के मसौदे पर चर्चा की। बैठक में जम्मू और कश्मीर संभाग से डेलीगेट पहुंचे हुए थे। आजाद को चेयरमैन पद पर बिठाने के लिए सभी ने सहमति जताई।
पार्टी की जोन स्तरीय समिति में जम्मू संभाग में पीर पंजाल, जम्मू (सांबा, उधमपुर, कठुआ, रियासी) और चिनाब वैली शामिल हैं। इसी तरह कश्मीर संभाग में साउथ कश्मीर, सेंट्रल कश्मीर और नार्थ कश्मीर जोन बनेंगे। पार्टी में कार्यकारी समिति, राजनीतिक समिति और संसदीय बोर्ड होंगे।
कार्यकारी समिति में वरिष्ठ नेताओं को शामिल किया जाएगा।आजाद ने डेलीगेट के साथ पार्टी ढांचे के विस्तार पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि हमें अपनी नई पार्टी को मजबूत करने के लिए मिलजुल कर काम करना है। हमने पार्टी का एजेंडा पहले ही साफ कर दिया है।
पार्टी में जनसेवा के लिए कोई भी आ सकता है। जम्मू कश्मीर का पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल करवाने, भूमि और नौकरियों के अधिकार सुरक्षित करने के लिए संघर्ष जारी रहेगा। महाराजा हरि सिंह ने अपनी दूरदर्शी सोच में जम्मू कश्मीर में नौकरियों और भूमि के अधिकार सुरक्षित किए थे। आजाद ने हाल ही में अपनी नई पार्टी की घोषणा की है। पार्टी को आगामी विधानसभा चुनाव के लिए तैयार किया जा रहा है।