जम्मू। उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा है कि जम्मू व श्रीनगर नगर निगमों की कार्यप्रणाली में आमूल चूल परिवर्तन लाया जाएगा। इसके लिए केंद्रीयकृत कंट्रोल रूम की स्थापना की जाएगी। प्रशासन को अहमदाबाद मॉडल अपनाने की संभावनाएं तलाशने को कहा गया है जिसमें समेकित कमांड व कंट्रोल सेंटर की व्यवस्था है। वह अवाम की आवाज में बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि सभी नागरिकों को विकास प्रक्रिया से जोड़ने तथा सभी को समान अवसर मुहैया कराया जा रहा है। इससे समाज तथा कार्य संस्कृति में अर्थपूर्ण बदलाव सुनिश्चित होगा। सरकार ग्रामीण इलाकों के सशक्तीकरण को प्रतिबद्ध है। इसके लिए विज्ञान व प्रौद्योगिकी तथा पर्यावरण अनुकूल कार्ययोजना अपनाई जा रही है ताकि गांवों का तकनीकी-आर्थिक विकास हो सके। कहा कि जम्मू में सामान्य नागरिकों के जीवनस्तर में सुधार के लिए कई परियोजनाएं चलाई जा रही हैं। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत 673 करोड़ की लागत से 39 प्रोजेक्ट पूरे हो चुके हैं। 45 अन्य परियोजनाओं पर तेजी से काम चल रहा है। फील्ड तथा जिला कार्यालयों में ई-ऑफिस प्रणाली लागू करने के सुझाव पर उप राज्यपाल ने कहा कि सरकार सुशासन के लिए प्रतिबद्ध है। इसके साथ ही बागवानी स्नातकों की मांग पर कहा कि इस सेक्टर के विकास तथा तेज व पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया सरकार की प्राथमिकता है। कहा कि सरकार वंचित तबके के कल्याण के लिए सभी प्रकार के संसाधनों को लगा रही है। इस दौरान उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में बेहतरीन काम करने वाले युवाओं को याद करते हुए कहा कि युवा उद्यमी हरमनजोत सिंह, घाटी की पहली महिला हॉकी कोच रीबू हसन, स्कीयर आरिफ खान आदि प्रेरणास्त्रोत हैं।
पुलिस बस पर हमले में शहीद होने वालों की शहादत नहीं जाएगी व्यर्थ
अवाम की आवाज का यह संस्करण उप राज्यपाल ने 1971 के शहीदों के नाम पर किया। उन्होंने कहा कि 16 दिसंबर को देश की रक्षा करने वाले जवानों के प्रति नमन है जिन्होंने देश के गौरव में नया इतिहास लिखा। श्रीनगर में पुलिस बस पर हमले में शहीद होने वालों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि उनकी शहादत व्यर्थ नहीं जाएगी। हेलिकॉप्टर दुर्घटना में मारे गए सीडीएस बिपिन रावत, उनकी पत्नी तथा अन्य लोगों को भी श्रद्धासुमन अर्पित किए।