भाजपा नेता कविंदर गुप्ता ने मीरवाइज उमर फारूक के पाकिस्तान पर टिप्पणी करने पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्हें भारत की विदेश नीति पर चिंता करने की जरूरत नहीं, बल्कि कश्मीरी पंडितों को बाहर निकालने की जिम्मेदारी को समझना चाहिए।
मीरवाइज उमर फारूक द्वारा दिए गए बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए जम्मू और कश्मीर के पूर्व उपमुख्यमंत्री और भाजपा नेता कविंदर गुप्ता ने स्पष्ट किया है कि भारत की विदेश नीति पर मीरवाइज को चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। गुप्ता ने कहा, भारत सरकार और विदेश मंत्रालय पाकिस्तान के साथ अपनी नीति पर विचार करेंगे। मीरवाइज को भारत की विदेश नीति के बारे में सोचने या बात करने की जरूरत नहीं है। सरकार इस पर काम कर रही है।
विज्ञापन
गुप्ता ने मीरवाइज को सलाह दी कि उन्हें पाकिस्तान की बजाय भारत पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। वे ही लोग हैं जिन्होंने कश्मीरी पंडितों को बाहर निकाला, और उन्होंने ही ऐसा माहौल बनाया।" उनका यह बयान जम्मू-कश्मीर में राजनीतिक स्थिति के बीच उठ रहे विवादों के संदर्भ में आया है, जहां मीरवाइज उमर फारूक ने हाल ही में पाकिस्तान के साथ बातचीत की आवश्यकता की बात कही थी।
गुप्ता ने यह भी कहा कि कश्मीर की वास्तविकता को समझने के लिए मीरवाइज को अपने दृष्टिकोण को बदलना चाहिए। भारत हमेशा शांति और स्थिरता की दिशा में कदम बढ़ाने के लिए तत्पर है, लेकिन इसके लिए पाकिस्तान को भी अपनी जिम्मेदारियों को समझना होगा।
विज्ञापन
इस प्रकार, गुप्ता के बयान ने मीरवाइज के विचारों को चुनौती दी है और यह स्पष्ट किया है कि भाजपा का रुख कश्मीर में सुरक्षा और स्थिरता को बनाए रखने के लिए दृढ़ है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह के बयानों से जम्मू-कश्मीर में राजनीतिक विमर्श में नया मोड़ आ सकता है। इस समय, जब क्षेत्र में राजनीतिक हालात तेजी से बदल रहे हैं, गुप्ता का यह बयान स्पष्ट संकेत देता है कि भाजपा अपने दृष्टिकोण को स्पष्ट करने के लिए तैयार है।