जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने बुधवार को अपने पांच महीने के कार्यकाल का रिपोर्ट कार्ड पेश करते हुए शांति व साफ सुथरे ढंग से हुए निकाय व पंचायती चुनाव को ऐतिहासिक उपलब्धि बताया। हालांकि उन्होंने इसका श्रेय मतदाताओं व सुरक्षा बलों के अलावा चुनाव से जुड़े हर कर्मचारी को दिया। उन्होंने कहा पंचायतों को प्रति वर्ष 2300 करोड़ और शहरी स्थानीय निकायों को 1200 करोड़ रुपये से अधिक धनराशि हस्तांतरित की जाएगी।
जम्मू में सलाहकारों व मुख्य सचिव की मौजूदगी में बुधवार को पत्रकार वार्ता में राज्य में पिछले पांच महीनों में शुरू किए गए विकास कार्यों व पहल व आधारित रिपोर्ट पेश की। इसमें विकास शील पहल में 80000 करोड़ रुपये के प्रधान मंत्री के विकास पैकेज (पीएमडीपी) में तेजी लाकर बाधाओं को दूर करने का उल्लेख किया गया है। जम्मू व कश्मीर में नए एम्स व आईआईटी, आईआईएम के लिए भूमि का पूरा खंड सौंपने का उल्लेख भी किया गया है।
उन्होंने बताया कि जम्मू रिंग रोड , जम्मू अखनूर सड़क चौड़ीकरण का काम शुरू हो चुका है और इससे विकास को नई दिशा मिलेगी। जम्मू-कश्मीर इंफ्र ास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन का गठन किया गया है। शाहपुर कंडी बांध परियोजना के निष्पादन के लिए जम्मू-कश्मीर और पंजाब सरकारों के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर हो चुके है। रतले हाइड्रो इलेक्ट्रिक परियोजना को कार्यान्वयन के लिए मंजूरी दी गई है। यह पावर प्रोजेक्ट 5 साल से अधिक समय से अधर में लटका हुआ था।
जम्मू-कश्मीर को पहली बार गैस पाइपलाइन मिलेगी। जम्मू-कश्मीर भूमिगत सार्वजनिक उपयोगिता अधिकार अधिनियम 2014 में संशोधन किया गया । इससे भटिंठा-जम्मू-श्रीनगर गैस पाइपलाइन परियोजना को तेजी से लागू करने में मदद मिलेगी। जम्मू, श्रीनगर और अन्य प्रमुख शहरों में शहर गैस वितरण नेटवर्क पर काम अगले 2 वर्षों में शुरू होने की संभावना है।
राज्य के लिए नया पावर कॉरिडोर बनाया
जम्मू-कश्मीर के लिए नया पावर कॉरिडोर बनाया गया है। 1000 मेगावॉट क्षमता वाली 400 केवी जालंधर-सांबा-अमरगढ़ ट्रांसमिशन लाइन (350 किलोमीटर) को शुरू किया गया है। बारामुल्ला से कुपवाड़ा तक नया रेल लिंक बनाया जाएगा। सफ ल नगरपालिका और पंचायत चुनाव को बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा कि शहरी स्थानीय निकायों के लिए चुनाव हुए। निर्बाध और निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया तीन महीने की अवधि में पूरी हुई है। उन्होंने कहा कि पंचायतों को शक्तियां प्रदत्त करने, निर्णय लेने में भागीदारी को सुनिश्चित करने के लिए पंचायती राज अधिनिय- 1989 में संशोधन किया गया। सरपंचों के लिए प्रति माह 2500 रुपये, पंच के लिए 1000 रुपये मानदेय घोषित किया गया है।
भ्रष्टाचार विरोधी तंत्र को मजबूत किया
भ्रष्टाचार विरोधी तंत्र को मजबूत किया गया है। सार्वजनिक संस्थानों में भ्रष्टाचार से प्रभावी ढंग से निपटने और समाप्त करने के लिए पहली बार भ्रष्टाचार निरोधी ब्यूरो स्थापित किया गया है। विस्थापितों को राहत प्रदान करने के तहत पश्चिम पाकिस्तान शरणार्थियों को प्रति परिवार 5.50 लाख रुपये की नकद सहायता के वितरण के लिए अधिसूचना जारी हुई। विस्थापितों को नकद राहत प्रदान करने की योजना में तेजी लाई गई। प्रधान मंत्री के विशेष नौकरी पैकेज के तहत कश्मीरी विस्थापितों की भर्ती में तेजी लाई गई है।