जम्मू-कश्मीर की 80 फीसदी युवा आबादी के लिए प्रशासनिक परिषद ने यूथ मिशन सोसायटी को मंजूरी दी है। युवा मामलों पर केंद्रित यह सोसायटी बाकायदा सोसायटी पंजीकरण अधिनियम 1860 के तहत पंजीकृत होकर काम करेगी। युवाओं के लिए हर जिले में सुपर स्पेशलाइज्ड केंद्र स्थापित होगा, जो युवाओं के मार्गदर्शन से लेकर उन्हें रोजगार और आत्मनिर्भरता से जोड़ेगा।
सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि यह निर्णय युवाओं की भागीदारी और सशक्तीकरण के लिए एक जीवंत माध्यम प्रदान करेगा, जो उन्हें शांति समृद्धि और विकास के राजदूतों में बदलेगा। युवाओं के कौशल विकास के साथ रोजगार देने के लिए मिशन यूथ ने बीएसई संस्थान, आईसीआईसीआई फाउंडेशन और अशोक लेलैंड सहित देश के प्रतिष्ठित संस्थानों और संगठनों के साथ भागीदारी की है।
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मिशन यूथ अगले पांच वर्षों में 80 प्रतिशत युवा आबादी को सामाजिक-आर्थिक विकास के लिए एक प्रेरक शक्ति के रूप में परिवर्तित करना है।