फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जम्मू-कश्मीरः जोशी ने भाजपा नेताओं के साथ की बैठक, राष्ट्रवाद को बढ़ावा देने पर हुई चर्चा

Thu, 14 Jan 2021 06:49 PM IST
प्रशांत कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
विज्ञापन

राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सरकार्यवाह सुरेश भैयाजी जोशी ने संघ और भाजपा के राष्ट्रीय और प्रदेश स्तरीय नेताओं के साथ जम्मू-कश्मीर और लद्दाख के परिदृश्य को लेकर बैठक की। चर्चा के दौरान अलगाववादी सोच को दबाने और राष्ट्रवाद को बढ़ावा देने की रणनीति बनाई गई। प्रदेश में संघ की शाखाओं को दूरदराज के इलाकों में भी शुरू करने पर फैसला हुआ यहां पर अभी तक शाखाएं काम नहीं कर रही हैं।  बैठक के लिए खासतौर से भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव संगठन बीएल संतोष, राष्ट्रीय महासचिव एवं प्रदेश प्रभारी तरुण चुघ, केंद्रीय मंत्री डा जितेंद्र सिंह बैठक में मौजूद रहे।

विज्ञापन


संघ सूत्रों के अनुसार प्रदेश भाजपा अध्यक्ष रवींद्र रैना व महासचिव संगठन अशोक कौल भी बैठक में मौजूद रहे। उन्होंने प्रदेश में सियासी हालात के बारे में संघ व भाजपा के राष्ट्रीय नेताओं को विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर सुरेश भैया जी जोशी ने कहा कि संघ और भाजपा के लिए जम्मू कश्मीर काफी अहम प्रदेश हैं। यह प्रदेश सामारिक रूप से भी काफी महत्व रखता है और यहां की घटनाएं पूरे देश को प्रभावित करती हैं।

ऐसे में प्रदेश में भाजपा और संघ अपनी गतिविधियों में कोई कमजोरी न लाए और ऐसे स्थानों पर भी संघ की गतिविधियां शुरू हो यहां पर अभी तक गतिविधियां शुरू नहीं हुई हैं।  केंद्र शासित जम्मू-कश्मीर के जम्मू संभाग, कश्मीर संभाग के अलावा केंद्र शासित लद्दाख के समक्ष मुद्दों पर सिलसिलेवार चर्चा हुई। पाकिस्तान की जम्मू कश्मीर में गतिविधियों और आतंकवाद को प्रोत्साहित करने के मामले में जनता के बीच राष्ट्रवाद को मजबूत करने और ऐसी ताकतों से सतर्क रहने के लिए अभियान चलाने को कहा गया जोकि राष्ट्रवाद के लिए खतरा हैं। 
विज्ञापन

 

विज्ञापन

गुपकार गठबंधन बनने के बाद के हालात पर भी चर्चा हुई

जिला विकास परिषद चुनाव में सात दलों के एक साथ गुपकार गठबंधन के रूप में सामने आने और इस गठबंधन को कश्मीर के अलावा जम्मू संभाग के कई जिलों में मिले समर्थन के बाद उत्पन्न हुए हालात पर भी चर्चा हुई और ऐसे इलाकों में गतिविधियों को मजबूत करने के लिए रणनीति बनी यहां पर भाजपा चुनाव के दौरान कमजोर रही हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें