असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले श्रमिकों के लिए केंद्र सरकार के श्रम एवं रोजगार मंत्रालय द्वारा शुरू किए गए ई-श्रम पोर्टल पर जिला में पंजीकरण की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसके लिए सहायक श्रम आयुक्त कार्यालय द्वारा जीएमसी कठुआ में विशेष शिविर का आयोजन किया गया। इस दौरान वहां निर्माण कार्य में लगे मजदूरों का पंजीकरण किया गया।
पंजीकरण की प्रक्रिया के संबंध में सहायक श्रम आयुक्त बृजनेश कुमारी ने बताया कि ई श्रम एक सरकारी पोर्टल है। जहां असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले मजदूरों का पंजीकरण किया जाना है। इससे सरकार के पास इन श्रमिकों का एक डेटा तैयार होगा और उनके लिए सरकार की ओर से योजनाएं शुरू की जा सकेगी। जिसका का लाभ सीधे इन श्रमिकों को तक पहुंचाया जा सकेगा।
उन्होंने बताया कि कोरोना महामारी जैसे राष्ट्रीय संकट के समय डीबीटी के माध्यम से सरकार श्रमिकों और कामगारों के खाते में सीधे आर्थिक मदद भी पहुंचा सकेगी। सरकार के इस पंजीकरण कार्यक्रम में मजदूरी करने वाले के साथ-साथ रिक्शा चालक, रेहडी-फड़ी चलाने वाले फुटपाथ के दुकानदार, प्लंबर और इलेक्ट्रिशियन भी अपना पंजीकरण करवा सकते हैं।
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उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम अगले 10 दिनों तक चलेगा। इसके बाद हर माह के 10 दिन इस कार्यक्रम को आयोजित करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा कि जागरूक श्रमिक इंटरनेट के माध्यम से इस पोर्टल पर स्वयं ही अपना पंजीकरण करवा सकते है। लेकिन अभी यह नई प्रक्रिया है, लिहाजा विभाग श्रमिकों की मदद के लिए इस कार्यक्रम का आयोजन कर रहा है।