सभी महत्वपूर्ण इमारतों और सुरक्षा कैंपों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। मुख्य समारोह स्थल बख्शी स्टेडियम के चारों तरफ सुरक्षा के विशेष प्रबंध किए गए हैं।
एक स्थानीय निवासी ने बताया कि बख्शी स्टेडियम के आसपास के आवासीय इलाकों में विशेष तलाशी अभियान चलाया जा रहा है।
सीआरपीएफ प्रवक्ता किशोर प्रसाद ने बताया कि स्वतंत्रता दिवस समारोह की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं।
प्रसाद के अनुसार शहर में आतंकियों की मौजूदगी और समारोह के चलते आतंकी खतरे को नहीं नकारा जा सकता। इसलिए किसी प्रकार की चूक न हो, इसका खास ध्यान रखा जा रहा है।
जम्मू कश्मीर के कुपवाड़ा, गुलमर्ग, लोलाब, केरन, टीटवाल, टंगडार और जम्मू के पूंछ, मेंडर, सांबा इलाकों में भी सेना और बीएसएफ ने चौकसी बढ़ा दी है।
सुरक्षाबलों की गश्त बढ़ाई गई
कश्मीर संभाग में नियंत्रण रेखा पर सीमा पार से लगातार हो रही फायरिंग को ध्यान में रखते हुए 15 अगस्त के मौके पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं।
स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान या उससे पूर्व आतंकियों की ओर से किसी बड़ी वारदात को अंजाम दिए जाने की आशंका के मद्देनजर पूरी वादी में अलर्ट जारी करते हुए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
सभी संवेदनशील इलाकों में सुरक्षाबलों की गश्त बढ़ा दी गई है और जगह-जगह नाके भी लगाए गए हैं। वाहनों की तलाशी भी ली जा रही है।
आतंकी घुसपैठ ने सुरक्षाबलों की नींद उड़ाई
बीते कुछ हफ्तों से श्रीनगर शहर में पुलिसकर्मियों पर नजदीक से हो रहे हमलों और सीमा पार से हो रही आतंकी घुसपैठ ने सुरक्षाबलों की नींद उड़ा रखी है।
आशंका है कि आतंकी सुरक्षाबलों पर हमले के लिए कोई भी प्रयास कर सकते हैं, जिसको ध्यान में रखते हुए जगह-जगह पुलिस और सीआरपीएफ के जवान नाका लगाकर वाहनों की जांच कर रहे हैं।
न सिर्फ वाहनों की तलाशी ली जा रही है, बल्कि उनमें बैठे लोगों की भी शिनाख्त हो रही है। श्रीनगर में आने-जाने के सभी रास्तों पर विशेष नाके लगाए गए हैं।
सुरक्षा एजेंसियों को संदेह है कि श्रीनगर के बाहरी इलाकों में बैठे आतंकी किसी वारदात को अंजाम देने के लिए शहर में दाखिल होने का प्रयास करेंगे।
सूत्रों की मानें तो श्रीनगर शहर में भी आतंकियों की मौजूदगी को सिरे से खारिज नहीं किया जा सकता है। इसलिए किसी भी तरह की कोताही से बचने के लिए सुरक्षा एजेंसियां पूरा एहतियात बरत रही हैं।