केंद्र सरकार ने पंद्रह वर्ष पूरे कर चुके वाहनों को अप्रैल से बंद करने का फैसला किया है, वहीं जम्मू संभाग में पंद्रह वर्ष पूरे कर चुके साढ़े पांच हजार वाहन सड़कों पर खतरा बन कर दौड़ रहे हैं।
ट्रांसपोर्टर आरटीओ जम्मू से फिटनेस सर्टिफिकेट लेकर अपने कामर्शियल वाहनों को कामचलाऊ बनाकर सवारियों को ढोने का काम जारी रखे हुए हैं, जो कि किसी जोखिम से कम नहीं है और आए दिन होने वाले वालों हादसों से मरने वालों की संख्या में वृद्धि हो रही है।
जम्मू संभाग की सड़कों पर कुल 7,41,755 वाहन दौड़ रहे हैं, इनमें से 92,383 वाहन कामर्शियल हैं, जिसमें से 3728 ट्रक और 1695 बसें पंद्रह वर्ष पूरे कर चुके हैं।
बावजूद फिटनेस सर्टिफिकेट लेकर सड़क पर दौड़ रहे हैं। अपने साथ-साथ अन्य वाहनों के लिए हर समय जोखिम बनाए हुए हैं। एआरटीओ मोहम्मद सलीम खान के मुताबिक कामर्शियल वाहनों की एक-एक साल के बाद फिटनेस जांच होती है।