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जम्मू कश्मीर में होने वाले उप चुनाव की निष्पक्षता पर संदेह: फारूक अब्दुल्ला

Thu, 02 Jun 2016 03:37 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/जम्मू
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‌रियासत के पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. फारूक अब्दुल्ला - फोटो : FILE PHOTO
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नेशनल कांफ्रेंस के मुख्य संरक्षक डा. फारूक अब्दुल्ला ने अनंतनाग उप-चुनाव की निष्पक्षता पर संदेह जताया है। उन्हाेंने कहा चुनाव की तिथि रमजान महीने में आ रही है। ऐसे समय क्या चुनाव करवाने के औचित्य पर सवाल उठने लाजमी हैं।
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डा. फारूक अब्दुल्ला ने कहा जब पहले चुनाव होने थे तो समय सही नहीं होने का तर्क देकर चुनाव स्थगित कर दिया गया। वह पूछना चाहते हैं कि क्या 19 जून को प्रस्तावित उपचुनाव की तिथि का समय सही है। 19 जून को धार्मिक नेता का जन्मदिवस है। इसी चुनाव मतदान करवाने का शेड्यूल क्या सही है। इसका जवाब निर्वाचन आयोग के मालिकों को पूछा जाना चाहिए।

पंडितों की वापसी पर स्थिति स्पष्ट करे सरकार : नेका

नेशनल कांफ्रेंस ने केंद्र और राज्य सरकार से कश्मीरी पंडितों की घाटी वापसी पर स्थिति स्पष्ट करने की मांग की है। नेशनल कांफ्रेंस के माइनारिटी सेल के अध्यक्ष एमके योगी ने कहा कश्मीरी पंडितों की घाटी वापसी की रूपरेखा और समय की अवधि को लेकर स्थिति स्पष्ट होनी चाहिए।
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 इस तरह का कोई भी फैसला विस्थापित कश्मीरी पंडितों को विश्वास में लिए बिना नहीं लिया जाए। शेर-ए-कश्मीर भवन जम्मू में बैठक के दौरान पूर्व एमएलसी और पूर्व मुख्य सचिव विजय बकाया ने कहा छब्बीस वर्ष से विस्थापित कश्मीरी पंडितों की वापसी नहीं हो पाई है। केंद्र और राज्य सरकार को वापसी के लिए प्रयास तेज करने चाहिए।

लेकिन वापसी किस तरह की होगी इसे लेकर कोई भी संशय नहीं रहना चाहिए। नेकां मुख्य संरक्षक फारूक अब्दुल्ला के राजनीतिक सलाहकार विजय बकाया ने कहा केंद्र और राज्य सरकार ने कश्मीरी विस्थापितों के पुनर्वास पर चर्चा की है लेकिन कश्मीरी पंडितों को भरोसे में नहीं लिया गया है। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री रोजगार पैकेज को निर्धारित समय के भीतर क्रियान्वित किया जाना चाहिए।
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