दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग जिले में सुरक्षाबलों ने मुठभेड़ में एक हिजबुल आतंकी को मार गिरया। उसके पास से एक एके-47 राइफल, 2 मैगजीन, 40 कारतूस, एक ग्रेनेड, गोला बारूद और आपत्तिजनक सामग्री शामिल है। पुलिस के अनुसार मारा गया आतंकी कई वारदातों को अंजाम दे चुका था। वह कुलगाम और अनंतनाग में सुरक्षा प्रतिष्ठानों पर हुए ग्रेनेड हमलों में भी शामिल था।
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार तड़के सुरक्षाबलों को जिले के बिजबिहाड़ा इलाके के मूमिनहाल आरवनी में एक से दो आतंकियों के छुपे होने की सूचना मिली थी। इसके आधार पर जम्मू-कश्मीर पुलिस ने सेना की 1 राष्ट्रीय राइफल्स (आरआर) और सीआरपीएफ की 90वीं बटालियन की मदद से इलाके की घेराबंदी की और एक साझा तलाशी अभियान चलाया।
इस दौरान एक मकान में आतंकियों के छुपे होने का पता चला। सुरक्षा बलों ने आतंकियों को आत्मसमर्पण करने को कहा, लेकिन वो नहीं माने और जवानों पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में आतंकी मारा गया। पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि मारा गया आतंकी काफी समय से यहां सक्रिय था।
उसकी शिनाख्त सहपोरा कुलगाम के बशीर अहमद सेह के बेटे शहजाद अहमद सेह के तौर पर हुई है। अधिकारी ने बताया कि वह आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन से संबंधित था और कई बड़ी वारदातों को अंजाम दे चुका था और पुलिस कर्मियों तथा भाजपा नेताओं की हत्या में भी शामिल था। पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्रमुख रूप से इन वारदातों में शामिल था आतंकी
- 19 अक्तूबर 2020 को चांदपोरा कनेलवां अनंतनाग में पुलिस इंस्पेक्टर मोहम्मद अशरफ भट की आवास पर हत्या।
- 29 अक्तूबर 2020 को वाईके पोरा कुलगाम में 3 भाजपा कार्यकर्ताओं की हत्या।
- 9 अगस्त 2021 को लाल चौक अनंतनाग में भाजपा सरपंच और उनकी पत्नी की हत्या।
- 25 जुलाई 2021 को कुलगाम के खुडवनी क्षेत्र के शम्सपोरा क्रॉसिंग पर एक कांस्टेबल से हथियार छीना।
- 4 दिसंबर 2020 को डीडीसी उम्मीदवार अनीस उल इस्लाम गनी पर सागर कोकरनाग में हमला।