जम्मू। युवाओं में नशे का जहर घोलकर तस्कर पंजाब और चंडीगढ़ में करोड़ों की संपत्ति बना रहे हैं। नशा मुक्त जम्मू कश्मीर अभियान के दौरान कार्रवाई के बाद यह खुलासा हुआ है। जम्मू की तंग गलियों और किराये के कमरों में रहने वाले तस्करों ने नशे के कारोबार से करोड़ों रुपये कमाकर चंडीगढ़ में आलीशान संपत्तियां बना लीं। मई में पुलिस ने दो आरोपियों की चंडीगढ़ स्थित 1.24 करोड़ की संपत्ति अटैच की है।
नरवाल, कासिम नगर, त्रिकुटा नगर में छोटी पुड़ियों में हेरोइन बेची जा रही है। हर गली और मोहल्ले में नेटवर्क सक्रिय है। पुलिस बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज के साथ-साथ वित्तीय लेनदेन को भी खंगाल रही है। 14 जनवरी को राजीव नगर के अरुण सिंह को 5.61 ग्राम हेरोइन के साथ गिरफ्तार किया गया था। जांच में वित्तीय लेन-देन के सुराग हाथ लगे। पता चला कि राजीव नगर निवासी सह आरोपी ऋषि सिंह ने चंडीगढ़ के सेक्टर-38ए में करीब 92.70 लाख रुपये की संपत्ति खरीदी है जिसे आठ मई को एनडीपीएस एक्ट के तहत अटैच किया गया।
इसी बीच बाहु फोर्ट पुलिस को पता चला कि राजीव नगर के सूरज कुमार ने नशा बेचकर कमाए पैसों से चंडीगढ़ की बापू धाम कॉलोनी में करीब 31 लाख रुपये की संपत्ति बनाई थी। सिटी पुलिस ने मौली जागरा (चंडीगढ़) निवासी सन्नी को पकड़ा था। वह वर्तमान में जम्मू के मलिक मार्केट में रह रहा था। पुलिस अब उसके नेटवर्क और वित्तीय लेन-देन की जांच कर रही है। एसएसपी जोगिंद्र सिंह के अनुसार अब कार्रवाई बरामदगी तक सीमित नहीं है। नशे के कारोबार से बनाई गई अवैध संपत्तियों को अटैच और तोड़ा जा रहा है।