जल्द ही राज्य के सभी इलाकों में पेयजल की सुविधा मुहैया कराई जाएगी। राज्य पीएचई और बाढ़ नियंत्रण मंत्रालय के प्रस्ताव को केंद्र सरकार ने मंजूर करते हुए 214 करोड़ रुपये का फंड जारी कर दिया।
प्रस्ताव में नई जलापूर्ति योजनाओं पर कुल लागत 642 करोड़ रुपये की आएगी। इसके लिए 214 करोड़ रुपए जारी किए जा चुके हैं।
केंद्र सरकार ने साफ किया है कि पहले से चल रही योजनाओं में इस पैसे का इस्तेमाल ना किया जाए। अधिकतम तीन साल की अवधि में पूरे नहीं होने वाले प्रोजेक्टों को अब राज्य सरकार को स्टेट सेक्टर से मिलने वाले फंड के तहत पूरा करना पड़ेगा।
जलापूर्ति परियोजनाओं को भी इस फंड से अपग्रेड नहीं किया जाएगा, पीएचई मंत्री शाम सिंह शर्मा का कहना है कि इस पैसे से केवल नई योजनाओं को शुरू किया जाए।
केंद्र सरकार ने जम्मू कश्मीर के विभिन्न विभागों को सीधे फंड का भुगतान करना बंद कर दिया है। केंद्र सरकार अब हर प्रकार का फंड संबंधित विभागों के बजाय राज्य वित्त मंत्रालय और निदेशक एकांउट और ट्रैजरी के जरिये भेज रही है।
वित्तीय संकट झेल रही राज्य सरकार अब विभिन्न विभागों के फंड का इस्तेमाल अन्य मदों में भी कर रही है। इस सिलसिले में वित्त मंत्री अब्दुल रहीम राथर ने बाकायदा वित्त विभाग के आला अफसरों को हिदायतें जारी कर दी है।