अलगाववादी नेता सैयद अली शाह गिलानी पर मसर्रत आलम की तरह कार्रवाई करने का रियासती सरकार विचार कर रही है। उपमुख्यमंत्री डा. निर्मल सिंह का कहना है कि पाक झंडे लहराना और राष्ट्र विरोधी नारेबाजी को बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। मसर्रत की तरह इस मामले में भी कानून अपना काम करेगा।
उपमुख्यमंत्री ने शनिवार को पत्रकारों से बातचीत में कहा कि चंद अलगाववादी मीडिया में सुर्खियां बटोरने के लिए पाक झंडे लहराने जैसी निंदनीय वारदातों को अंजाम दे रहे हैं।
जहां तक सरकार का सवाल है तो देश की एकता और अखंडता के लिए सरकार सचेत है। मसर्रत आलम पर जिस तरीके से कानून ने अपना काम किया, इस मामले में भी कानून वही काम करेगा।
उन्होंने कहा कि श्री अमरनाथ यात्रा हिंदू परंपराओं के तहत होते आई हैं और आगे भी होगी। किसी अलगाववादी या अन्य तत्वों को इसमें व्यवधान खड़ा नहीं करने दिया जाएगा। जम्मू कश्मीर में अमरनाथ श्रद्धालुओं का शानदार स्वागत होगा और सरकार सुरक्षा का पूरा बंदोबस्त करेगी।