सीमा पर लगातार गोलाबारी से उपजे तनाव का असर राहे मिलन पर भी पड़ रहा है। अगस्त मध्य से अब तक पीओके प्रशासन द्वारा एक भी भारतीय को अपनों से मिलने के लिए पीओके जाने का परमिट नहीं मिल पाया है। हालांकि, जम्मू-कश्मीर सरकार की ओर से उस पार से कश्मीर आने की इच्छा रखने वाले लोगों को परमिट दिया जा रहा है।
पुंछ-रावलाकोट (पीओके) के बीच पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल में दोस्ती के पैगाम के साथ शुरू की गई साप्ताहिक बस सेवा में केवल पीओके से ही नागरिक आ रहे हैं।
इसके अलावा यहां अपनों के बीच समय पूरा कर चुके लोग लौट रहे हैं। 15 अगस्त के आसपास पुंछ जिले में एलओसी पर पाकिस्तान ने जबर्दस्त गोलाबारी की। इसमें तीन भारतीय नागरिकों की मौत हो गई थी।