रियासी के बिड्डा मोड़ दंपति हत्या मामले की गुत्थी लगभग सुलझा ली गई है। इस हत्या के मुख्य आरोपियों को पुलिस ने दबोच लिया है। एक आरोपी पुलिस ने तीन दिन पहले पकड़ा था और दूसरा वीरवार को रियासी लाया गया।
यहां दोनों को पुलिस रिमांड पर लिया गया है। मामले में शामिल आठ माह की बच्ची का कोई पता नहीं लग पाया है। पुलिस डॉग स्क्वायड की मदद से बच्ची को ढूंढने की कोशिश कर रही है, लेकिन कुछ हाथ नहीं आया।
मामले के मुख्य आरोपी दिनेश कुमार और उसके दोस्त रामदीन को पुलिस ने हरियाणा के पलवल में दबोचा है। दिनेश कुमार ने बताया कि अपने भाई बबलू और भाभी प्रियंका को मारने के पीछे मुख्य कारण उनकी प्रापर्टी था। संपत्ति हड़पने के मकसद से ही उसने अपने दोस्त रामदीन के साथ उन्हें मारने की योजना बनाई।
वह पलवल से कार में ही कटड़ा आए थे। यहां शिवखोड़ी के रास्ते जाते वक्त पहले उनका गला घोंटा और फिर उनके सिर पर पत्थरों से वार किया। 16 जनवरी के दिन सुबह 4 बजे करीब दोनों ने इस घटना को अंजाम दिया।
दंपति और उनकी पांच साल की बेटी नेहा को उन्होंने बिड्डा मोड़ फेंक दिया और उसके कुछ दूरी पर जाकर आठ माह की बच्ची को चलती कार से फेंक दिया। इसके बाद वह वहां से भाग निकले।
पुलिस ने दोनों हत्यारों के खिलाफ हत्या, साजिश रचने का मामला दर्ज किया है। दोनों को पुलिस ने एक हफ्ते की पुलिस रिमांड पर लिया है। यहां इनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने हत्यारों से कार भी जब्त कर ली है।
भाई की हत्या कर दिनेश अब लगातार रो रहा है। पुलिस की पूछताछ में वह फूट-फूट कर रोता है। प्रापर्टी की चाहत में भाई-भाभी, भतीजी की हत्या करने के आगे वह अंधा हो चुका था।