अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। जम्मू-कश्मीर में अकादमिक सत्र में बदलाव के चलते इस बार विंटर जोन के विद्यार्थियों को अक्तूबर-नवंबर में फिर से बोर्ड परीक्षा देनी है।
ऐसे में समय रहते सिलेबस पूरा करना शिक्षकों और विद्यार्थियों के लिए चुनौतीपूर्ण होगा। हालांकि, स्कूल शिक्षा विभाग का दावा है कि सिलेबस समय रहते पूरा कर लिया जाएगा। शैक्षणिक सत्र शुरू होने के साथ ही कक्षाएं शुरू कर दी गई थीं।
विंटर जोन में पूरा कश्मीर संभाग और जम्मू संभाग के डोडा, किश्तवाड़, रामबन जिले आते हैंं। इसके अलावा जम्मू संभाग के कठुआ, उधमपुर, रियासी, पुंछ और राजोरी जिले के पहाड़ी एवं दुर्गम क्षेत्र के कुछ जोन विंटर जोन में आते हैं। यहां बोर्ड परीक्षाएं इस बार अक्तूबर-नवंबर में प्रस्तावित हैं।
जम्मू-कश्मीर स्कूल शिक्षा बोर्ड ने दसवीं और 12वीं का परिणाम 30 अप्रैल तो 11वीं का 24 मई को जारी किया था। इससे पहले स्कूलों में अनंतिम प्रवेश के साथ कक्षाएं शुरू की गई थीं।
स्कूल शिक्षा निदेशालय जम्मू नसीम जावेद चौधरी ने बताया कि बदलाव प्रस्तावित था। इसके लिए हमने पहले ही अपनी तैयारी शुरू की थी। विंटर और समर जोन में शैक्षणिक सत्र शुरू होते ही हमने बोर्ड कक्षाओं पर विशेष ध्यान दिया है ताकि सिलेबस पूरा होने कोई कोताही न हो। तीन महीने में कक्षाएं चल रही हैं। काफी सिलेबस भी पूरा कर लिया है। स्कूलों प्रबंधकों को पहले ही निर्देश दिया था कि स्कूलों में नियमित कक्षाएं लगाए।