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मरने से पहले बोल रहा था अबु दुजाना- 'मेरे नाम पर कोई हड़ताल नहीं करना'?

Sat, 05 Aug 2017 10:29 AM IST
अमृतपाल सिंह बाली,अमर उजाला/श्रीनगर
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कौन है अबु दुजाना - फोटो : social media
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दक्षिणी कश्मीर में मुठभेड़ शुरू होने से पहले लश्कर कमांडर अबु दुजाना और मारे गए उसके साथी आरिफ ललिहारी का एक और ऑडियो वायरल हुआ है। आरिफ ललिहारी ने कश्मीरी में बोलते हुए कहा कि मैं आरिफ हूं।
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मैं अपने मां-बाप से यह कहना चाहता हूं जहां हम हैं उस मकान मालिक ने कोई गलती नहीं की है। उनके साथ कोई ज्यादती नहीं होनी चाहिए। मेरे जनाजे में पाकिस्तानी झंडा नहीं लहराया जाना चाहिए। बेहतर यही होगा कि मुझे अब्बास भाई के साथ दफनाया जाए।

जनाजे में केवल इस्लामी झंडे लहराए जाने चाहिए। दुजाना भाई को कहीं और नहीं दफनाने देना, उसे यहीं रखना। अबु दुजाना ने उर्दू में कहा कि यह तो मौत है जिसकी जिंदगी है उसकी तो मौत आनी ही है। अल्लाह ने मुझे शहीद होने का मौका दिया। टेंशन की कोई बात नहीं। 
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'मैं खुश हूं अल्लाह ने मुझे यह मौका दिया है'

अबु दुजाना - फोटो : File Photo
मैं खुश हूं अल्लाह ने मुझे यह मौका दिया है। अल्लाह ताला मेरी शहादत कबूल करे। मैं तमाम लोगों से कहता हूं हम कल रात 10.30 बजे इस घर में पहुंचे। किसी ने हमें देखा। इसमें इस घर वाले का कोई कसूर नहीं है। मेहरबानी करके घर वाले के साथ कोई ज्यादती न करना क्योंकि हम इस घर में आए हैं ना कि इसने हमें बुलाया था।

हो सके तो इन लोगों की मदद करना। अल्लाह ताला हम सबको सही राह पर रखे। बाकी सबसे सलाम कहना। मैं यह चाहता हूं मेरे नाम पर कोई हड़ताल नहीं करना। अल्लाह के लिए मैं गुनहगार बंदा हूं। मेरे लिए कोई हड़ताल न करना। सब लोगों को मेरा सलाम। 
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ललिहारी बोला-हम अलकायदा के साथ हैं

Terrorist - फोटो : google
आरिफ ललिहारी ने कहा कि कोई भी हड़ताल नहीं करना। कोई किसी को तकलीफ  नहीं देगा। हम तकलीफ  देने के लिए नहीं उसके खिलाफ त के लिए निकले हैं। बाकी घर वालों की मदद की जाए। मूसा भाई (जाकिर मूसा) से भी गुजारिश है मकान मालिक की मदद करें। इन घर वालों की कोई गलती नहीं है। हम अलकायदा के साथ हैं। 
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