बार एसोसिएशन के बैनर तले बड़ी संख्या में वकीलों और स्थानीय लोगों ने बुधवार को जिला मुख्यालय पर राज्य और केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कसबे के सभी दुकानें बंद रखी गईं।
प्रदर्शनकारियों ने जिला मुख्यालय तक विरोध रैली निकाली। प्रदर्शनकारियों ने जिलाधीश को ज्ञापन सौंपकर डोडा-किश्तवाड़-बटोत मार्ग की मरम्मत की मांग की।
रैली डीसी कार्यालय से शुरू होकर नेहरू चौक, मंदिर मोहल्ला, बस स्टैंड, तोंदवा, नगरी आदि इलाकों से होती हुई डीसी कार्यालय में ही समाप्त हुई। इम्तियाज मीन ने कहा कि पूरे राज्य की तरह डोडा जिले में भी भारी बारिश ने तबाही मचाई है।
डोडा किश्तवाड़ बटोत राष्ट्रीय राजमार्ग बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुआ है। मार्ग की खस्ताहाल से इन पर गुजरना मुश्किल हो गया है। भूस्खलन से कई गांव खाली हो गए हैं। सड़कें बंद होने से कसबे सहित दूरदराज के गांवों में राशन, केरोसिन, रसोई गैस आदि की किल्लत हो गई है।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि अगर दो दिन में इस मार्ग को सही नहीं कराया गया तो डोडा और जिले की सोलह तहसीलों में प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने मांग की कि चिनाब नदी के तीनों जिले डोडा, किश्तवाड़ और रामबन को राष्ट्रीय आपदा क्षेत्र घोषित किया जाए।