उधमपुर/मजालता। जिला केपेक्स के पीआरआई-घटक को अंतिम रूप देने के उद्देश्य से डीडीसी उपाध्यक्ष जूही मन्हास पठानिया की अध्यक्षता में ब्लॉक मुख्यालय खून में एक बैठक का आयोजन किया गया। इसमें उन्होंने पंचायतों की ओर से स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप और ग्राम सभा की सामूहिक इच्छा के अनुसार विभिन्न क्षेत्रों में व्यावहारिक रूप से विकास कार्यों को शामिल करने का आह्वान किया।
उन्होंने व्यावहारिक रूप से जन कल्याणकारी कार्यों पर ध्यान केंद्रित करने की आवश्यकता पर बल दिया। साथ ही संबंधित विभागों से सार्वजनिक मुद्दों पर त्वरित प्रतिक्रिया और जरूरी कार्रवाई सुनिश्चित कर कामकाज में सुधार करने का आह्वान किया। कहा कि अधिक योजना बनाना और अधिक खर्च करना और अंतत: जमीनी स्तर पर अंतर दिखाना सबसे बड़ा मंत्र है, जिसे संबंधित विभागों के पीआरआई, नोडल अधिकारियों की ओर से पालन करने की आवश्यकता है।
उन्होंने संबंधित विभागों और पंचायती राज संस्थाओं से यह सुनिश्चित करने का भी आह्वान किया कि अच्छी गुणवत्ता का काम धरातल पर किया जाए, ताकि प्रधानमंत्री के हर घर को नल के संकल्प को हकीकत में धरातल पर उतारा जा सके। उन्होंने स्थानीय कोषागारों से विभिन्न केंद्र प्रायोजित योजनाओं के लाभार्थियों के बैंक खातों में निर्धारित राशि के वितरण में अनावश्यक देरी से बचने का आग्रह किया।
इस दौरान स्थानीय पंचायती राज संस्थाओं ने खून से नारदी सड़क, खून ब्लॉक में कम वोल्टेज वाले इलाकों में विद्युतीकरण और वृद्धि की मांग, आदि मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया। उन्होंने धेम्मा से थियाल रोड, सनोट से गढ़ सामना बंज रोड, हमदाना से पंजिया रोड और पंजिया से नोकैन रोड पर गुणवत्ता नियंत्रण की जांच की भी मांग की। पंचायती राज संस्थाओं ने पंजियां नोकैन, पीएमजीएसवाई रोड पर अधिकारियों, ठेकेदार एजेंसियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की, जिन्होंने क्षेत्र के लोगों की पेयजल आपूर्ति लाइनों को निलंबित कर दिया है।
डीडीसी उपाध्यक्ष ने संबंधित अधिकारियों से जनता की जरूरतों और मांगों के प्रति अधिक संवेदनशील होने का आह्वान किया। उन्होंने उन्हें जोश और उत्साह के साथ काम करने के लिए कहा, क्योंकि क्षेत्र के लोगों को पीआरआई, स्थानीय अधिकारियों से बहुत उम्मीदें हैं। बैठक में रोमेश गुप्ता, मोहन लाल, रमन खजूरिया, चैन सिंह, अशोक सिंह और सभी सरपंचों ने संबोधित किया और अपने विचार रखे।