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विधानसभा सत्र में डेलीवेजर्स के नियमितीकरण की बात नहीं की : सोमनाथ

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उधमपुर। पीएचई कर्मचारी एवं श्रमिक संघ जिला उधमपुर ने वरिष्ठ ट्रेड यूनियन नेता जम्मू प्रांत सोमनाथ की अध्यक्षता में पीएचई कॉम्प्लेक्स में एक बैठक की। इसमें सरकार के रवैये की कड़ी आलोचना की गई।
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सोमनाथ ने कहा कि हाल ही में हुए विधानसभा सत्र में डेलीवेजर्स के नियमितीकरण के बारे में कोई बात नहीं की गई और उन्हें मूर्ख बनाया गया। पिछले विधानसभा सत्र में सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों ने ही डेलीवेजर्स के मुद्दों को उजागर नहीं किया। इससे सभी कर्मी चिंतित हैं। सरकार ने मुख्य सचिव की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय समिति गठित की थी और इस समिति ने आज तक अपनी रिपोर्ट नहीं दी। सरकार को समिति पर कार्रवाई करनी चाहिए क्योंकि छह महीने से अधिक समय बीत चुका है। न्यूनतम मजदूरी अधिनियम और लंबित मजदूरी जारी करना समिति का काम नहीं है। बैठक में लंबे समय से लंबित विभिन्न मांगों पर प्रकाश डाला गया। इसमें दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों का नियमितीकरण शामिल है। जिन सीपी, आईटीआई, भूमि मामले के कर्मचारियों ने एसआरओ-64 के अनुसार 7 वर्ष की सेवा पूरी कर ली है, उन्हें तुरंत नियमित किया जाए।
इसके अलावा 2014-2020 तक पिछले 65-70 महीनों से कर्मचारियों को कोई वेतन नहीं मिला है। कर्मचारियों के सभी लंबित वेतन का भुगतान करें और यह लंबित वेतन ब्याज सहित जारी किया जाए। इसके अलावा, विभाग से सेवानिवृत्त हुए कर्मचारियों का बकाया भी दिया जाए। सरकार के आदेश के अनुसार कर्मचारियों को न्यूनतम मजदूरी दी जाए। दिल्ली केंद्र शासित प्रदेश के अनुसार कर्मचारियों को न्यूनतम मजदूरी दी जानी चाहिए। जम्मू के साथ भेदभाव हमेशा इतना ज्यादा होता है कि दैनिक वेतनभोगियों की दर मात्र 311 रुपये प्रतिदिन है, यह दर पूरे देश में कहीं भी नहीं है।
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सोमनाथ ने बताया कि विभाग में हजारों कर्मचारियों की आवश्यकता है। काम सुचारू और सही ढंग से चल सके, इसके लिए कर्मचारियों को मानकों के अनुसार नियुक्त किया जाना चाहिए। करोड़ों की नई जलापूर्ति योजनाएं शुरू की गईं, लेकिन कर्मचारियों की नियुक्ति नहीं की गई। निजी कर्मचारी जलापूर्ति का काम चला रहे हैं और प्रशासन चुप है। बिना कर्मचारियों के जल जीवन मिशन योजनाएं नहीं चल सकतीं, जिसके कारण ये योजनाएं सफल नहीं हो पा रही हैं। महीने दर महीने कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति के कारण, कर्मचारियों की कमी के कारण कई जलापूर्ति योजनाएं बंद हो रही हैं। कर्मचारी जो 25-28 वर्षों से अधिक समय से विभाग में काम कर रहे हैं और उनकी बकाया राशि का भुगतान नहीं किया गया है। सोम नाथ ने सभी कर्मचारियों और श्रमिकों से इस मुद्दे के लिए एकजुट रहने की अपील की। इस मौके पर विजय कुमार शर्मा, सूरज प्रकाश, दिनेश केसर, माखन चंद, शाम सिंह, करण सिंह, मोहन सिंह, प्रभु लाल, शंभू नाथ, तिलक राज कटोच आदि मौजूद थे।
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