अलगाववादियों ने एक बार फिर घाटी का माहौल बिगाड़ने की साजिश रची है। इसके लिए हंदवाड़ा में सेना को निशाना बनाया गया। एनआईटी विवाद के बाद देशभर में गैर कश्मीरी छात्रों को मिले समर्थन से बौखलाए अलगाववादियों ने सेना के खिलाफ कश्मीरियों को भड़काकर उन्हें एकजुट करने की कोशिश की है ताकि इस प्रकार की गतिविधियों को यहां दबाया जा सके।
रियासत के डिप्टी सीएम डॉ. निर्मल सिंह का कहना है कि सरकार हंदवाड़ा प्रकरण पर बारीकी से नजर रखे हुए है। घटना की जांच कराई जा रही है। किसी भी हालत में अलगाववादी हों या फिर कोई और कानून व्यवस्था को हाथ में लेने की किसी को इजाजत नहीं दी जाएगी।
जिस प्रकार से अचानक सारा घटनाक्रम हुआ और जिस लड़की के साथ छेड़खानी की आड़ में सेना के खिलाफ हिंसक प्रदर्शन हुए उसेे सोची समझी साजिश का हिस्सा बताया जा रहा है।