बीजेपी के वरिष्ठ एमएलए द्वारा राजस्थान में अलग पार्टी के ऐलान के बाद राजनीतिक गलियारों में सरगर्मियां तेज हो गई हैं। अब पार्टी प्रदेशाध्यक्ष ने मामले की रिपोर्ट केंद्रीय अनुशासन समिति को भेज दी है।
राजस्थान से बीजेपी एमएलए घनश्याम तिवाड़ी प्रदेश नेतृत्व के खिलाफ लगातार बयानवाजी कर रहे हैं। अभी बीते 12 नवंबर को ही अलग से पार्टी बनाने का ऐलान किया है और आगामी मकर संक्रांति के दिन पार्टी का नाम घोषित करने की बात कही है।
इसके बाद से ही बीजेपी संगठन में अनुशासनहीनता की बातें शुरू हो गई हैं। अपनी ही सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलने वाले घनश्याम तिवाड़ी के मामले को लेकर अब बीजेपी के प्रदेशाध्यक्ष अशोक परनामी ने बयान दिया है। इसमें उन्होंने कहा है कि पूरा मामला केन्द्रीय अनुशासन समिति को भेज दिया गया है। आगे की कार्रवाई समिति के निर्देशानुसार ही होगी।
गौरतलब है कि होम मिनिस्टर गुलाबचंद कटारिया ने भी तिवाड़ी को सलाह दी है कि उन्हें पार्टी में रहकर ही पार्टी की कमियों को दूर करना चाहिए। इसी में उनकी बुद्धिमानी है। पार्टी से दूर जाकर यह करना सही नहीं है। उन्होंने कहा है कि पार्टी से अलग होकर कोई सफल नहीं रहा है। अपनी बात के समर्थन में उन्होंने जनसंघ के बलराज मधोक का उदाहरण भी दिया था।