फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rajasthan Politics: पूर्व मंत्री का बयान- ऐसी नाइंसाफी क्यों? जनता की भावना, सचिन पायलट बने सीएम

Mon, 12 Sep 2022 09:52 PM IST
अरविंद कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर

सार

राजस्थान में मुख्यमंत्री बदलने को लेकर चल रही अटकलों के बीच पूर्व मंत्री और प्रदेश कांग्रेस के उपाध्यक्ष राजेंद्र चौधरी ने बड़ा बयान दिया है। सचिन पायलट खेमे के माने जाने वाले चौधरी ने कहा, पायलट ऐसे नेता हैं, जो राजस्थान में सरकार को रिपीट करा सकते हैं। 6 सितंबर को पायलट के जन्मदिन पर जो भीड़ आई थी, वह बिन बुलाए आई थी, किसी ने नहीं बुलाया। हजारों की तादाद में लोग प्रदेश भर से जयपुर पहुंचे थे। इससे साफ है कि वे लोकप्रिय नेता हैं।
विज्ञापन
कांग्रेस के उपाध्यक्ष राजेंद्र चौधरी और सचिन पायलट - फोटो : Social Media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राजस्थान में एक बार फिर सचिन पायलट को सीएम बनाने की मांग ने जोर पकड़ लिया है। राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष राजेंद्र चौधरी ने कहा, विधानसभा चुनाव सचिन पायलट के दम पर जीते थे। फिर उनके साथ नाइंसफी क्यों हो रही है। साल 2013 में 21 सीटों पर सिमटने के बाद पायलट को आलाकमान ने अध्यक्ष बनाकर भेजा। पायलट ने मेहनत की, इसके बाद प्रदेश में सरकार बनी, लेकिन आलाकमान ने अशोक गहलोत को मुख्यमंत्री बनाया और पायलट को डिप्टी सीएम।

विज्ञापन


चौधरी ने कहा, पार्टी प्रदेश की पूरी 25 सीटों पर लोकसभा चुनाव हार गई। जबकि वह तो सरकार का हनीमून पीरियड ही था। आज भी जनमानस सचिन पायलट को ही पसंद करता है। आज भी लोग यह पूछते हैं कि सचिन पायलट के साथ नाइंसाफी क्यों हो रही है। 6 सितंबर को पायलट के जन्मदिन पर आई भीड़ अपने आप आई भीड़ थी। लोग खुद चलकर आए थे।

उल्लेखनीय है कि राजेंद्र चौधरी पहले भी कई बार सचिन पायलट को सीएम बनाने की मांग कर चुके हैं। राजेंद्र चौधरी सीएम गहलोत के गृह जिले जोधपुर से आते हैं। गहलोत सरकार में मंत्री भी रहे हैं। लेकिन राजेंद्र चौधरी अब पायलट कैंप के नेता माने जाते हैं।
विज्ञापन


राष्ट्रीय अध्यक्ष को लेकर पूर्व मंत्री और प्रदेश कांग्रेस उपाध्यक्ष राजेंद्र चौधरी ने कहा, पार्टी के अध्यक्ष का नाम जल्द सामने आएगा। कांग्रेस वो पार्टी है, जहां पर चुनाव होते रहे हैं। राजेश पायलट, जितेंद्र प्रसाद और सीताराम केसरी चुनाव लड़े हैं। उन्होंने साफ कर दिया कि राहुल गांधी स्पष्ट रूप से मना कर चुके हैं कि वह अध्यक्ष पद की दौड़ में नहीं हैं। बीजेपी में चुनाव नहीं होते हैं, कांग्रेस में चुनाव होते हैं।

विधायकों नहीं हो रही प्रशासन में सुनवाई
वहीं, कांग्रेस विधायक दिव्या मदेरणा की ओर से जोधपुर में धरना देने को लेकर पूर्व मंत्री ने कहा, अगर विधायक ने धरना दिया है तो सोच समझ कर ही दिया होगा। क्योंकि उनकी सरकार में सुनवाई नहीं हो पा रही होगी। ये बहुत ही गंभीर विषय है। हाल ही में जोधपुर दौरे पर आए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के दौरे को लेकर पूर्व मंत्री अमित चौधरी ने कहा, अमित शाह का दौरा और भाषण झूठ का पुलिंदा था।

उन्होंने न्यूनतम समर्थन मूल्य पर एक शब्द नहीं कहा, 700 ज्यादा किसान शहीद हो गए थे। तब जाकर 1 साल के बाद मोदी सरकार ने देश से माफी मांग कर काले कानून वापस लिए। आज देश में महंगाई और बेरोजगारी चरम पर है, लेकिन केंद्रीय गृहमंत्री ने उस पर एक शब्द नहीं बोला। उससे साफ है कि इन्हें महंगाई और बेरोजगारी से कोई मतलब नहीं है।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें