राजस्थान राज्य मानवाधिकार आयोग ने गुरुवार को चुरू में एक छात्र की उसके शिक्षक द्वारा पिटाई के बाद मौत का स्वत: संज्ञान लिया और अधिकारियों को नोटिस जारी कर रिपोर्ट मांगी है। आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति गोपाल कृष्ण व्यास ने बीकानेर में चूरू कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक और प्राथमिक शिक्षा निदेशक को नोटिस जारी कर पांच बिंदुओं पर एक सप्ताह के भीतर जवाब मांगा है। एसएचआरसी के एक बयान के अनुसार, व्यास ने विवरण मांगा है कि आरोपी शिक्षक और स्कूल के मालिक के खिलाफ कार्रवाई करते हुए निजी स्कूल की मान्यता को स्थायी रूप से रद्द कर दिया गया है या नहीं।
छात्र की बेरहमी से हत्या
राजस्थान के चुरू जिले के कोलासर गांव से हृदय विदारक खबर आई। गांव के एक निजी स्कूल के शिक्षक ने सातवीं कक्षा के बच्चे को कक्षा में पीट-पीटकर मार डाला। उसका कसूर मात्र इतना था कि वह होमवर्क कर के नहीं लाया था।
पुलिस के अनुसार घटना कोलासर गांव के मार्डन पब्लिक स्कूल में दो दिन पहले हुई। मृत बालक गणेश के पिता ओमप्रकाश की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी शिक्षक मनोज सिंह को गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। छात्र गणेश होमवर्क कर के स्कूल नहीं गया था। इससे गुस्साए मनोज सिंह ने उसकी कक्षा में ही बेरहमी से पिटाई कर दी। शिक्षक ने बच्चे को जमीन पर पटककर मारा। गणेश की नाक से खून बहने लगा। इसके बाद वह बेहोश हो गया। इससे घबराकर आरोपी मनोज सिंह ही उसे अस्पताल लेकर गया, जहां डॉक्टरों ने गणेश को मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया।
आरोपी शिक्षक के पिता का है स्कूल
मृत बच्चे गणेश के पिता ओमप्रकाश ने बताया कि उक्त स्कूल आरोपी मनोज सिंह के पिता बनवारी लाल का है। सालासर पुलिस थाने के प्रभारी अधिकारी संदीप बिश्नोई के अनुसार आरोपी मनोज के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर बुधवार को उसे गिरफ्तार कर लिया गया।