जेएलएफ, इनसेट में संजॉय के, रॉय
- फोटो : अमर उजाला
जयपुर लिटरेचर फेस्टिवल के आखिरी दिन आयोजकों ने समानान्तर साहित्य उत्सव को साथ लेकर चलने की बात कही।
फेस्ट के अंतिम दिन आज जेएलएफ प्रोड्यूसर संजॉय के. रॉय और डायरेक्टर नमिता गोखले ने प्रेस कांफ्रेंस की। उन्होंने कहा कि कई शहर है जहां एक ही समय में दो-दो तीन-तीन साहित्य उत्सव होते हैं। ऐसा कई जगह होता रहा है। अगर जयपुर में भी ऐसा कोई और साहित्य उत्सव होता है तो हम उससे मदद करने को तैयार है।
पीएलएफ में साहित्यकार का जमावड़ा लगा है। कई साहित्यकार तो ऐसे थे, जो आए हमारे बुलावे पर, हमने उनका सारा खर्चा उठाया। उन्होंने जेएलएफ के साथ ही पीएलएफ में भी शिरकत की, हमने किसी को नहीं रोका। साहित्य किसी एक का नहीं होता है। हमें खुशी होगी कि अगर हम किसी की मदद कर पाएंगे।
पिछले साल जेएलएफ में पांच लाख तेईस हजार लोग आए थे, इस बार छह लाख लोगों ने शिरकत की है। पिछले बार से तेईस फीसदी ज्यादा लोग शामिल हुए हैं।