अतिरिक्त मुख्य महानगर मजिस्ट्रेट क्रम-3 ने अंक तालिका में फर्जीवाड़ा कर नर्सिंग पाठ्यक्रम में प्रवेश लेने वाले अभियुक्त रईस अहमद को तीन साल की सजा सुनाई है। सजा के साथ ही अदालत ने सांगानेरी गेट निवासी इस अभियुक्त पर 45 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है।
मामले के अनुसार एसएमएस मेडिकल कॉलेज के तत्कालीन अतिरिक्त अधीक्षक नाथूलाल ने मोतीडूंगरी थाने में 24 मई 1996 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि अभियुक्त ने 1995 में नर्सिंग में प्रवेश लिया था। अपनी शैक्षणिक योग्यता की अंकतालिका में फर्जीवाड़ा किया है। पुलिस जांच में पता चला की अभियुक्त ने अंकतालिका के वास्तविक अंक 286 को बढ़ाकर 486 कर लिए और नर्सिंग में प्रवेश ले लिया।